रविवार, 19 अप्रैल 2015

1300 आवास नक्शे से नदरद

 

- कोई ले गया खिड़की तो कोई दरवाजा

- गौशाला में तब्दील कई आवास

 
बीएल मारण, भेल
 एक समय था जब बीएचईएल टाउनशिप में प्रबंधन ने अपने हजारों कर्मचारियों के लिए सुरक्षित आवासों का  निर्माण कराकर उन्हें आवंटित किये थे। कर्मचारी इन आवासों में अपने परिवार के साथ सुखी जीवन बिताते हुए बेफिक्री से कारखाने में नौकरी करते थे। अब स्थिति यह है कि टाउनशिप के इन आवासों में से लगभग 1300 आवास भेल के नक्शे से ही नदारद हैं। दरअसल इन आवासों के खिड़की, दरवाजे और वेंटिलेशन की जालियां, नल कनेक्शन से लेकर बिजली के मीटर बोर्ड तक चोरी हो गए। कोई खिड़की तो दरवाजा ले गया। विडंबना तो यह है कि लोगों ने इन आवासों की दीवारें तोड़कर ईंटें तक चुरा लीं और भेल नगर प्रशासन को इसकी भनक तक नहीं लगी। सूत्र बताते हैं कि टाउनशिप के अंतर्गत गोविंदपुरा में लगभग 600, बरखेड़ा और पिपलानी में करीब 150 -150 और अन्य कालोनियों में 400 इस तरह लगभग 1300 आवास टाउनशिप के नक्शे से ही नदारद हो गए। इनके स्थान पर अब समतल जमीन नजर आ रही है। उधर कर्मचारियों का कहना है कि भेल में नए भर्ती हुए कर्मचारियों के लिए आवासों की समस्या होने लगी है, क्योंकि नए आवास निर्माण की अभी ऐसी कोई ठोस योजना भी नहीं बनी, जिसमें पुराने और जर्जर आवासों को तोड़कर उसी जमीन पर नया निर्माण किया जाए। 
गौशाला बने खाली आवास : 
उधर गोविंदपुरा टीआरटी क्षेत्र में खाली पड़े सैकड़ों आवासों का उपयोग आसपास के रहवासी गौशाला के रूप में करते हैं। इंटक भवन से गोविंदपुरा मार्केट की ओर आने वाली सड़क के आसपास  यह नजारा देखा जा सकता है। मजेदार बात यह है कि नगर प्रशासन की सुरक्षा के लिए तैनात सुरक्षा गार्ड भी इन आवासों के आसपास सुरक्षा को लेकर कन्नी काट जाते हैं। उनका कहना है कि जब प्रशासन ही इस मामले में खामोशी से तमाशा देख रहा है तो सुरक्षाकमिर्यों की कौन सुनेगा? 
साकेत की तर्ज पर हो आवंटन :
उधर भेल के नए और युवा कर्मचारियों को टाउनशिप में अलकापुरी और साकेत नगर की तर्ज पर आवास निर्माण के लिए भूमि आवंटन की मांग बढ़ने लगी है। कर्मचारी ट्रेड यूनियन इंट के अध्यक्ष आरडी त्रिपाठी ने गत दिवस फाउंड्री गेट पर किए गए प्रदर्शन के दौरान भी इस मुद्दे को जोर-शोर से उठाया था। उन्होंने प्रबंधन से मांग की कि पूर्व में जिस तरह साकेत नगर में भूखंड आवंटन किए गए थे, उसी तर्ज पर कालोनी निर्माण की प्रक्रिया अपनाई जाए, जिससे भेल के युवा कर्मचारियों को अपनी खुद की छत मुहैया हो सके। उन्होंने कहा कि इससे कर्मचारियों को रिटायरमेंट के बाद सिर छुपाने के लिए जगह ढूंढने की नौबत भी नहीं आएगी।
इनका कहना है :
नए कर्मचारियों के लिए टाउनािशप में आवास की कोई समस्या नहीं है। रही बात पुराने और जर्जर हो चुके आवासों की तो नगर प्रशासन का अतिक्रमण अमला सक्रियता से इन पर नजर रखे हुए है। खाली पड़ी जमीन पर प्रबंधन ने पौधारोपण की भी योजना बनाई है तथा इस योजना पर समयानुसार क्रियान्वयन भी हो रहा है। 
- वीएन झा, प्रवक्ता,भेल