मंगलवार, 31 जुलाई 2012

4 अगस्त 2012 से शनि का तुला में प्रवेश



सूर्य पुत्र शनिदेव कन्या राशि में (16 मई से 3 अगस्त) 80 दिन तक वक्री चलकर 4 अगस्त को प्रात: 8.35 बजे पुन: अपनी उच्च राशि तुला में प्रवेश करेंगे। राशि परिवर्तन के कारण शनि की ढैया और साढ़ेसाती से व्यक्ति विशेष प्रभावित होते हैं। तुला राशि में शनि के प्रवेश करते ही सिंह राशि के व्यक्ति साढ़ेसाती से और मिथुन व कुंभ राशि के जातक शनि की ढैया से मुक्त हो जाएंगे। शनि मकर-कुंभ राशि का स्वामी है और तुला में उच्च का होता है। बुध-शुक्र से शनि की मित्रता है। लिहाजा वृष, मिथुन, कन्या, तुला, मकर और कुंभ राशि पर शनिदेव कृपा दृष्टि बनाए रखते हैं। लेकिन सूर्य, चंद्रमा और मंगल से शत्रुता होने के कारण इनसे संबंधित मेष, कर्क, सिंह और वृश्चिक राशि वालों की कुंडली में यदि शनि नीचगत या शत्रुक्षेत्रीय हुआ तो इन पर भृकुटि ताने रहते हैं। गुरू ग्रह के प्रति सम होने के कारण धनु-मीन राशि वालों से समता का व्यवहार रखते हैं। शनि की शुभता से आध्यात्मिक विषय व अच्छी धार्मिक मनोवृत्ति देखने को मिलती है और जीवन में नैतिकता का संचार होता है। शनि की यह प्रवृति जन्म पत्रिका में निर्मित 'प्रवज्या''संन्यास' तथा 'शश' नामक पंच महापुरूष योग से प्रमाणित होती है।
फलित ज्योतिष के अनुसार शनि देव अपनी प्रवृत्ति के अनुसार ही शुभाशुभ फल प्रदान करते हैं। शनि के तुला राशि में प्रवेश करते ही वृश्चिक राशि के जातकों पर शनि की साढ़ेसाती प्रारम्भ होगी। कन्या और तुला राशि पर साढ़ेसाती यथावत चलती रहेगी। वहीं सिंह राशि के जातक साढ़ेसाती के प्रभाव से मुक्त हो जाएंगे। मिथुन और कुंभ राशि से शनि की ढैया उतर जाएगी। कर्क और मीन राशि पर शनि की ढैया का प्रारम्भ होगा। शनि का रंग नीला हैं एवं उसके तीन चंद्रमा हैं। यह ग्रह लगभग ढाई वर्ष में अपनी राशि बदलता है। नवंबर 2011 में ही यह कन्या से तुला राशि में आया था। इसके बाद शनि वक्री हुआ और 19 मई 2012 को वापस कन्या में चला गया था। शनि के मार्गी होते ही कई क्षेत्रों में रुकी हुई वर्षा पूरे जोर से शुरु हो जाएगी। इसी राशि में कन्या के साथ होने से शनि कुछ प्राकृतिक आपदाएं भी उत्पन्न कर सकता है। पूर्वोत्तर राज्यों में जोरदार वर्षा के संकेत हैं। मिथुन, सिंह एवं कुंभ राशि के जातकों के लिए यह काल सुखमय होगा। मंहगाई पूर्ववत ज्यादा ही रहेगी तथा बीजों के दामों में वृद्धि के योग बनेंगे। फसलों पर टिड्डियों के आक्रमण होने की संभावनाएं बन रही है। शनि का मार्गी होना राजसत्ता में परिवर्तन का संयोग बनाएगा। कई नेताओं का वर्तमान पद जा सकता है या बदल जा सकता है। ऐसे योग बन रहे हैं। शनि पर गुरु की पूर्ण दृष्टि बनी हुई है इससे जनता के मध्य धार्मिक भावनाएं अधिक रहेगी। इस दौरान धार्मिक आयोजनों की अधिकता रहेगी। देश के दक्षिण-पश्चिम इलाकों में जोरदार वर्षा होने के संकेत मिल रहे हैं। डीजल के दामों में भी वृद्धि के आसार बने हुए हैं। आवश्यक वस्तुओं के दामों में वृद्धि हो सकती है।



क्या है साढेसाती और ढैया

आपकी राशि से गणना करने पर शनि की भ्रमणशील राशि 12-1-2 स्थान पर आए तो उस जातक को साढेसाती (बृहत्कल्याणी) और 4-8वें स्थान पर ढैया (लघुकल्याणी) मान्य होती है।

साढेसाती और ढैया का प्रभाव
शनि की ढैया और साढेसाती से प्रभावित व्यक्तियों को मानसिक अशांति, धनाभाव, शारीरिक कष्ट, नौकरी व्यवसाय में परेशानी आदि कष्ट हो सकते हैं। ध्यान रखें जिनकी जन्म कुंडली में शनि श्रेष्ठ स्थान उच्च, स्वग्रही या मित्र राशि में हो और दशांर्तदशा श्रेष्ठ चल रही हो या कुंडली में शनि मित्रराशि, उच्चराशि तथा शुभ ग्रहों से युत हो तो शनि जनित ढैया-साढेसाती काल विशेष अशुभ नहीं होता है, बल्कि शुभ फलदायक ही होता है। यदि जन्म कुंडली में चंद्र और शनि अशुभ ग्रहों से युक्त और नीच-शत्रु राशियों में हो तो अशुभफल सूचक होता है। अशुभकारक शनि अवनति, मानहानि, अवसाद, विरोधावास, कार्य व्यवसाय में न्यूनता, हानि, रोग, मानसिक अशांति, कोर्ट कचहरी, पारिवारिक अशांति, अशोभनीय वार्ता, राज्यकर्म-भाग्य पक्ष में न्यूनता, चोट, क्षति आदि कष्ट देता है। अशुभ शनि से जब रोग की स्थिति आएगी तो यह वायुरोग, कब्ज, सदय की कमजोरी, मूत्र रोग और नाक-कान में पीड़ा देगा। यदि जन्मकुंडली में 1-5-9 भाव का स्वामी होकर शनि 3-6-11वें भाव में स्थित हो तो उक्त कुफल में न्यूनता आकर मनोत्साह और सुख संपदा में वृद्धि से सुखद दिनचर्या व्यतीत होने लगती है। शनि के अष्टक वर्ग में अधिक रेखाएं हों तो शुभ, कम रेखाएं हों तो अशुभफल निश्चित है।

शनि के व्रत
भक्तिपूर्वक शनिवार का व्रत करें। शनि महाराज का तैलाभिषेक कर कंगन, खीर, कचौरी, काले गुलाब जामुन आदि का भोग लगाएं। लोहवान युक्त रूई की वर्तिका (बत्ती) बनाकर उसे कड़वे तेल में डालकर संध्या के समय पीपल के वृक्ष के नीचे दीपक जलाएं।


शनि का दान
अनिष्ट फल निवारणार्थ शनि की प्रिय वस्तुओं तिल, तेल, कुलथी, उड़द, काला वस्त्र, काला पुष्प, जूता या लौह पात्र, सप्त धान्य, जौ, गेहूं, चावल, तिल, कागनी, उड़द, मूंग, आदि का दान किसी वृद्ध ब्राह्मण, दीन-हीन, गरीब व्यक्ति को सामथ्र्य के अनुसार दक्षिणा दें। छायादान स्टील के बर्तन में सरसों का तेल भरें, उसमें एक सिक्का डालकर शनिवार को प्रात: अपना चेहरा देखें और इस तेल को आक के पौधे पर डालें। ऎसा पांच शनिवार तक करें। अंतिम शनिवार को तेल के साथ उस बर्तन का भी दान कर दें। तेल चढ़ाते समय शनि मंत्र का जप करें।

मंत्र जप
शनि मंत्र का यथा शक्ति जाप करें। दशरथ कृत 'शनि स्तोत्र', शनि दसनाम स्तोत्र, गजेन्द्र मोक्ष आदि का पाठ करें। शनिवज्र पंजर कवच के शमी-खेजड़ा या पीपल वृक्ष के पास सात बार पाठ करना फलदायी होता है।
शनि मंत्र- ऊं ऎं सीं श्रीं शनैश्चराय नम:
ऊं प्रां प्रीं प्रौं स: शनये नम:।।

शनि गायत्री-
ऊं भगभवाय विद्महे मृत्युपुरूषाय धीमहि तन्नौ शनि प्रचोदयात्।। प्रार्थना मंत्र-नीलांजन समाभासं रविपुत्रं यमाग्रजं। छायामात्तüण्डसम्भूतं तं नमामि शनैश्चरम्।।

राशियों पर प्रभाव

मेष- शनि का मार्गी होना आपकी राशि के लिए फायदेकारक होगा। कई मुश्किलों के अंत होने की संभावनाएं हैं एवं बेरोजगार युवा रोजगार पाने में सफल रहेंगे। उपाय: आप हनुमान चालीसा का पाठ करें। अधिक लाभ प्राप्त होगा।

वृषभ- इस राशि के लोगों को स्वास्थ्य संबंधी समस्याएं हो सकती हैं। पारिवारिक विवाद एवं धन की कमी महसूस हो सकती है। निवास स्थान बदलने की संभावनाएं बनी है। उपाय: इन लोगों को शनिवार के दिन पीपल के वृक्ष में जल चढ़ाना चाहिए। साथ ही पीपल की सात परिक्रमा करें।

मिथुन- मिथुन राशि के लोगों को किसी बड़े फायदे के मिलने की संभावनाएं बनेगी। आपके कार्यों की तारीफ होगी एवं अधिकारियों से सहयोग मिलेगा। उपाय: किसी गरीब व्यक्ति को काला कंबल दान करें।

कर्क- इस राशि के लोगों के लिए मनपंसद स्थान पर स्थानांतरण की संभावनाएं हैं। कार्य की गति कम हो सकती है। नए स्थानों पर जाना पड़ सकता है। उपाय: काली उड़द की दाल का दान किसी गरीब व्यक्ति या किसी मंदिर में करें।

सिंह- किसी बड़े अनुबंध होने के आसार बन रहे हैं। सिंह राशि वालों को व्यापार- व्यवसाय में लाभ होगा एवं प्रसिद्धि प्राप्त होगी। संतान से सुख मिलेगा। उपाय: शनिवार को एक कटोरी में तेल लें और उसमें अपना चेहरा देखें। इसके बाद तेल का दान करें।

कन्या- कन्या राशि के लिए अभी सुख में कमी हो सकती है। वाहन एवं अन्य संसाधनों का प्रयोग संभल कर करें। निवेशादि से बचना बेहतर होगा। उपाय: हर मंगलवार और शनिवार के दिन हनुमानजी के चरणों पर लगे सिंदूर से अपने माथे पर तिलक लगाएं।

तुला- इस राशि के लोगों को अपने ही लोगों का विरोध झेलना पड़ सकता है। अपने अधिकार क्षेत्र से बाहर जाकर कोई कार्य करने का विचार कर रहे हैं तो उसका त्याग करें। उपाय: हर शनिवार को शनिदेव के दर्शन करें और नीले पुष्प चढ़ाएं।

वृश्चिक- वृश्चिक राशि वालों के लिए साथियों एवं परिवार से विरोध होने के योग बन रहे हैं। नित्य होने वाले कार्यों में भी बाधाएं उत्पन्न होने की संभावना हैं। उपाय: वृद्धजनों का अपमान न करें। प्रतिदिन शिवलिंग पर जल चढ़ाएं।

धनु- इस राशि के लोगों को अभी कार्य में लापरवाही नहीं करना चाहिए। नुकसान हो सकता है। वरिष्ठों से सामंजस्य बनाकर चलना फायदेमंद रहेगा। निवेश एवं कर्ज देने से बचें। भाइयों के मध्य तनाव हो सकता है। उपाय: प्रति शनिवार नीले रंग के पुष्प शनिदेव को चढ़ाएं।

मकर- मकर राशि के लोगों का मन कार्य के प्रति उदासीन हो सकता है। संतान को कोई विशेष सफलता मिलने की संभावनाएं हैं। अनजान लोगों से सावधान रहें। उपाय: हनुमानजी को सिंदूर और चमेली का तेल अर्पित करें।

कुंभ- इन लोगों के लिए समय अच्छा है। किसी विशेष कार्य के हो जाने से हर्ष होगा। स्थानांतरण के साथ तरक्की होने के योग बन रहे हैं। नई योजनाएं सफल होंगी। उपाय: शनिवार के दिन काली गाय को घास खिलाएं। यदि काली गाय न मिले तो किसी भी गाय को घास खिला सकते हैं।

मीन- शनि के मार्गी होने से कार्यों में निराशा मिल सकती हैं एवं संतान को सफलता मिलेगी। अनुचित कार्यों को करने का विचार होगा। कुत्सित विचार उत्पन्न होंगे। उपाय: शनि के निमित्त काली उड़द दाल का दान करें।

शनि के चंद्रमा से सुलझेगी भूस्खलन की पहेली

शनि ग्रह का चक्कर काटने वाले चंद्रमा ‘आएपिटस’ पर होने वाले बड़े हिमस्खलन, पृथ्वी पर होने वाले भूस्खलन की पहेली को भी सुलझा सकते हैं। शोधकर्ताओं का दावा है कि उन्होंने ‘आएपिटस’ के भूस्खलनों का अध्ययन किया और कैसिनी अभियान की मदद से पाया कि इनकी लंबाई 50 मील तक है।


डेली मेल की रिपोर्ट के अनुसार अब शोधकर्ताओं को विश्वास है कि इस पर होने वाले भूस्खलन के कारण का अध्ययन करने से पृथ्वी पर होने वाले भीषण भूस्खलनों को भी समझने में मदद मिलेगी। नासा के कैसिनी अभियान द्वारा 2004 में ही आएपिटस की विशाल पर्वत श्रृंखला को खोजा गया था। यह पर्वत लगभग पूरे आएपिटस पर हजारों मील की लंबाई तक फैले हुए हैं।

वाशिंगटन यूनिवर्सिटी के वैज्ञानिक केलसी सिंगर का कहना है कि आएपिटस काफी ठंडा है वहां हवा नहीं है। वैज्ञानिकों का कहना है कि हम सोलर सिस्टम में भूस्खलन देखते हैं, लेकिन आएपिटस पर होने वाला हिमस्खलन काफी बड़ा है। आएपिटस शनि ग्रह का तीसरा सबसे बड़ा उपग्रह है। यह अध्ययन ‘नेचर जियोसाइंस में प्रकाशित हुआ।

10वीं फेल लड़के से करा दी डाक्टर की शादी

एक पिता ने अपने हाईस्कूल फेल बेटे को चिकित्सक बताकर एक डाक्टर लड़की से शादी करवा दी। जब मामले का खुलासा हुआ तो लड़की के पिता ने सात लोगों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराई। मामला उत्तरप्रदेश के टूंडला क्षेत्र का है।


थाना लाइनपार क्षेत्र के जयना स्टेट आगरा रोड निवासी महेश ने थाना लाइनपार में दी तहरीर में कहा है कि उसने अपनी डाक्टर पुत्री रीमा का विवाह करने के लिए थाना उत्तर क्षेत्र के लहरी कंपाउंड कोटला रोड निवासी अपने मिलने वाले से संपर्क किया था। इस पर उन्होंने बताया कि थाना टूंडला क्षेत्र के स्टेशन रोड निवासी रमेश जैन का पुत्र अरुण चिकित्सक है।

जब महेश रमेश के घर टूंडला पहुंचे तो रमेश ने अपने पुत्र अरुण (सभी परिवर्तित नाम) को बीएमएस बताया और उसकी तैनाती जिला अस्पताल में बताई। इस दौरान शैक्षिक प्रमाण पत्र भी दिखाए गए थे। परिजनों की बात पर विश्वास करते हुए महेश ने अपनी पुत्री रीमा का विवाह 11 मार्च 2010 को कर दिया। महेश ने बताया कि शादी के कुछ समय बाद पुत्री के साथ ससुरालीजनों ने मारपीट करना शुरू कर दिया। पुत्री को अपनी पति के चिकित्सक होने पर शक हुआ तो परिजनों को अवगत कराया।

पुत्री के पिता ने जब मामले की छानबीन की तो पता चला कि अरुण चिकित्सक नहीं है, बल्कि वह हाईस्कूल फेल है। यूपी बोर्ड से हाईस्कूल नहीं करने और डाक्टर की डिग्री सही नहीं होने के संबंध में साक्ष्य भी उन्होंने दिए। धोखाधड़ी के आरोप में पुत्री के पिता ने सात लोगों के खिलाफ 21 जुलाई 2012 को अभियोग दर्ज कराया है। इस संबंध में थानाध्यक्ष लाइनपार का कहना है कि इस संबंध में थाने पर एफआईआर दर्ज कर ली गई है और मामले की जांच कर कार्रवाई की जा रही है।

फिर 'ब्लैक आउट', 700 ट्रेनों के पहिए थमे, जनजीवन ठप

उत्तरी ग्रिड, उत्तर-पूर्वी ग्रिड और पूर्वी ग्रिड के ट्रिप कर जाने से आधे से भी ज्यादा देश की बिजली गुल हो गई है। इससे आम जनजीवन लगभग थम सा गया है। माना जा रहा है कि करीब 67 करोड़ लोग इससे प्रभावित हुए हैं। ये तीनों ग्रिड लगभग 50,000 मेगावाट बिजली प्रेषण करते हैं। उत्तरी ग्रिड से जुड़े सभी राज्यों दिल्ली, जम्मू-कश्मीर, पंजाब, हरियाणा, हिमाचल प्रदेश, चंडीगढ़, उत्तराखंड, उत्तर प्रदेश और राजस्थान में भयानक बिजली संकट पैदा हो गया है।


ग्रिड में गड़बड़ी से हवाई सेवाएं प्रभावित
इसके अलावा पूर्वी ग्रिड के राज्यों में भी बिजली आपूर्ति ठप हो गई है, जिसमें उड़ीसा, झारखंड, पश्चिम बंगाल, बिहार, असम और सिक्किम शामिल हैं। ग्रिड में गड़बड़ी से हवाई सेवाएं भी प्रभावित हुईं है और लगभग 700 से अधिक ट्रेनों के पहिए रास्ते में ही थम गए। इसमें 450 यात्री रेलगाड़ियां और 250 मालगाड़ियां शामिल हैं।

कई शहरों में ट्रेनें फंसी
19 राज्यों में बिजली गुल होने से मुख्य रेल मार्गो पर ट्रेनें छह से आठ घंटे तक विलंब से चल रही है। शताब्दी और राजधानी सहित अनेक प्रमुख ट्रेनों को डीजल इंजन लगाकर चलाया जा रहा है। लखनऊ में शताब्दी एक्सप्रेस, पानीपत में पठानकोठ एक्सप्रेस, पश्चिम एक्सप्रेस के अलावा करनाल, कुरूक्षेत्र, कानपुर, वाराणसी, आसनसोल, कोलकाता, हावड़ा, सियालदह सहित बिहार के कई शहरों में ट्रेनें फंसी है।

मेट्रो की सेवाएं ठप
ग्रिड में गड़बड़ी आने से दिल्ली-एनसीआर में मेट्रो की सेवाएं पूरी तरह ठप पड़ गई हैं। दिल्‍ली मेट्रो ने स्टेशनों पर नोटिस लगा दिया है कि‌ बिजली आपूर्ति नहीं होने से मेट्रो सेवा बंद कर दी गई है।

मेट्रो सेवाएं प्रभावित होने की वजह से राजधानी दिल्ली में लोगों को काफी दिक्कतों का सामना ‌करना पड़ रहा है। डीटीसी बसों में जबरदस्त भीड़ है। बस स्टॉप्स पर लोग तीन-तीन घंटे तक बसों का इंतजार कर रहे हैं। जो जहां है वहीं फंसा हुआ है। लोगों ने ऑटो वालों पर मनमाना किराया मांगने का आरोप लगाया है।

अधिक बिजली खींचे जाने से ग्रिड फेल
केंद्रीय ऊर्जा मंत्री सुशील शिंदे ने कहा है कि कुछ राज्यों के अधिक बिजली खींचे जाने की वजह से ग्रिड फेल हुआ है। माना जा रहा है कि शाम सात बजे के बाद ही स्थिति सामान्य हो पाएगी।

मालूम हो कि सोमवार तड़के 2:30 बजे जब लोग गहरी नींद में थे, तभी उत्तरी ग्रिड फेल होने से अचानक पूरे उत्तर भारत में अंधेरा छा गया था। करीब 12 घंटे बाद बिजली की सप्लाई पूरी तरह से बहाल हो पाई थी।

उज्जैन में इंजीनियर के घर करोड़ों की संपत्ति जब्त


उज्जैन: मध्य प्रदेश के उज्जैन में एक इंजीनियर के यहां लेाकायुक्त द्वारा मारे गए छापों में करोड़ों की सम्पत्ति का खुलासा हुआ है। छापे की कार्रवाई जारी है। लोकायुक्त पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार उज्जैन विकास प्राधिकरण के इंजीनियर हुकुम चंद्र पाटीदार के पास आय के ज्ञात स्रोतों से अधिक की सम्पत्ति होने की शिकायतें मिल रही थीं। इन्हीं शिकायतों के आधार पर लोकायुक्त ने मंगलवार की सुबह पाटीदार के क्षीर सागर कॉलोनी स्थित आवास पर छापेमारी की।
लोकायुक्त के अधिकारी ओपी सागोरिया ने बताया है कि कार्यपालन यंत्री पाटीदार के यहां से 150 बीघा जमीन, तीन मकान, छह भूखंड और इंदौर में एक अस्पताल होने के दस्तावेज मिले हैं। वहीं पाटीदार का कहना है कि उसके पास जो सम्पत्ति है, वह पैतृक है। एक्जीक्यूटिव इंजीनियर हुकुमसिंह पाटीदार के क्षीरसागर कालोनी में स्थित मकान एवं ग्राम छीतरखेड़ी घट्टिया के स्थित पैतृक निवास पर लोकायुक्त टीम ने एक साथ दबिश दी। कार्रवाई के दौरान लोकायुक्त टीम को इंजीनियर पाटीदार एवं परिजनों के नाम से डेढ़ सौ बीघा जमीन, तीन प्लाट, तीन मकान, कोल्ड स्टोरेज, वेअर हाउस, कृषि फार्म हाउस, सोने चांदी के आभूषणों सहित 10 करोड़ से ज्यादा की अनुपातहीन सपत्ति का पता चला है। लोकायुक्त पुलिस ने इंजीनियर के विरुद्ध मामला दर्ज किया है। लोकायुक्त अधिकारियों के मुताबिक वर्ष 1986 में हुकुमसिंह पाटीदार सहायक यंत्री के पद पर उज्जैन विकास प्राधिकरण में नियुक्त हुआ था। 26 साल की नौकरी में पाटीदार की कुल तनख्वाह 30 लाख बनती है। लेकिन मंगलवार को मिली अनुपातहीन संपत्ति का मूल्य करोड़ों रुपए है।
लोकायुक्त पुलिस को उज्जैन एवं ग्राम छीतरखेड़ी स्थित दोनों मकानों से लगभग 15 लाख रुपए मूूल्य का विलासिता का सामान मिला है। इसके अलावा लोकायुक्त पुलिस को इंजीनियर के एक डॉक्टर बेटे के इन्दौर स्थित सुखायु अस्पताल में निवेश किये जाने के भी दस्तावेज मिले हैं।




इनका कहना है
यूडीए के कार्यपालन यंत्री हुकुमसिंह पाटीदार के खिलाफ आय से अधिक अनुपातहीन संपत्ति की शिकायत मिली है, जिसके आधार पर कार्यवाही की गई। जांच के दौरान चार से पांच करोड़ की संपत्ति का खुलासा हुआ है। वर्तमान मूल्य के आधार पर संपत्ति की कीमत ज्यादा हो सकती है।
- ओपी सागोरिया, डीएसपी लोकायुक्त उज्जैन

असम हिंसा के लिए बांग्लादेशी प्रवासी जिम्मेदार : आडवाणी


असम हिंसा के लिए बांग्लादेशी प्रवासी जिम्मेदार : आडवाणीगुवाहाटी: भारतीय जनता पार्टी के वरिष्ठ नेता लालकृष्ण आडवाणी ने मंगलवार को असम में साम्प्रदायिक हिंसा के लिए बांग्लादेशी प्रवासियों को जिम्मेदार ठहराया।


आडवाणी, असम के दौरे पर हैं। उन्होंने एक संवाददाता सम्मेलन में कहा कि संकट से निपटने में सरकार ने विलम्ब करने का अपराध किया है। बोडो और बांग्ला भाषी मुस्लिम प्रवासियों के बीच 19 जुलाई से शुरू सप्ताहभर की हिंसा में 56 लोग मारे जा चुके हैं और लाखों बेघर हो चुके हैं।

आडवाणी ने कहा कि राज्य सरकार और केंद्र सरकार की मिलीभगत से हुई घुसपैठ के परिणामस्वरूप असम के लोग महसूस कर रहे हैं कि अपनी ही जमीन से उनका नियंत्रण समाप्त हो रहा है, जबकि अवैध बांग्लादेशियों ने बड़े पैमाने पर भूमि पर कब्जा कर लिया है।

आडवाणी ने कहा कि दूसरी समस्या जातीय है। बोडो अपनी ही जमीन पर हासिए पर धकेले जाने के खतरे का सामना कर रहे हैं। आडवाणी ने कहा कि तीसरी समस्या असम में हो रहे जनसांख्यिकीय बदलाव की है।

अब ई रिटर्न 31 अगस्त तक भर सकते हैं



नई दिल्ली : सरकार ने निर्धारण वर्ष 2012-13 के लिये इलेक्ट्रॉनिक प्रणाली के जरिये भरी जाने वाली आयकर रिटर्न की अंतिम तिथि बढ़ाकर एक महीना बढ़ाकर 31 अगस्त 2012 कर दी। इससे पहले 2012-13 का इलेक्ट्रॉनिक प्रणाली के जरिये आयकर रिटर्न भरने की अंतिम तारीख 31 जुलाई तय की गई थी।

लॉटरी कारोबार कानून के अनुरुप हो: शीर्ष कोर्ट

नई दिल्ली : सुप्रीम कोर्ट ने राज्यों को यह सुनिश्चित करने का निर्देश दिया है कि राज्य में लॉटरी का कारोबार लाटरी नियमन कानून के प्रावधानों के अनुरूप ही संपन्न हो। इस मसले को लेकर दायर याचिका में दावा किया गया था कि लाटरी से लाखों परिवारों की जिंदगी बर्बाद हो रही है।


न्यायमूर्ति स्वतंत्र कुमार और न्यायमूर्ति इब्राहिम कलीफुल्लाह की खंडपीठ ने आज केन्द्र सरकार के वकील वसीम अहमद कादरी का यह बयान दर्ज किया कि सभी राज्यों के लिए इस कानून पर अमल के बारे में एक अप्रैल, 2010 को अधिसूचना जारी की जा चुकी है।

केन्द्र ने न्यायालय को सूचित किया कि इस कानून की धारा चार में प्रदत्त चुनिन्दा शर्तो के साथ राज्य लाटरी का आयोजन कर सकते हैं। सरकार ने बताया कि राज्यों के लिए अधिसूचित की गई शर्तों के अनुसार लाटरी के ईनाम की राशि पहले से घोषित नंबर या एकल नंबर पर आधारित नहीं होगी। लाटरी टिकटों की विश्वसनीयता सुनिश्चित करने के लिए राज्य सरकार टिकटों का इस तरह से मुद्रण करेगी ताकि उस पर राज्य का लोगो भी मुद्रित रहे। इसी तरह लाटरी के टिकटों की बिक्री राज्य सरकार खुद करेगी या अपने वितरकों और बिक्री एजेन्टों के जरिये ही इन्हें बेचेगी।

अधिसूचना में स्पष्ट किया गया है कि लाटरी के टिकटों की बिक्री की रकम राज्य सरकार के लोक खाते में जमा की जायेगी। लाटरी के ड्रा का आयोजन राज्य सरकार खुद करेगी और विजेता द्वारा एक निश्चित समय के भीतर ईनाम की राशि पर दावा नहीं करने की स्थिति में यह सरकार की संपत्ति हो जाएगी। इसी तरह लाटरी के ड्रा का स्थान संबंधित राज्य की सीमा के भीतर ही होगा। अधिसूचना में यह भी प्रावधान है कि किसी भी लाटरी का सप्ताह में एक से अधिक ड्रा नहीं होगा। इन लाटरी का ड्रा राज्य सरकार द्वारा निर्धारित दिनों के भीतर ही किया जाएगा। किसी भी लाटरी के बंपर ड्रा साल में छह से अधिक नहीं होंगे।

ग्रिड ठप्‍प पड़ जाने से 300 ट्रेनें प्रभावित


नई दिल्ली : उत्तरी और पूर्वी ग्रिड के ठप पड़ जाने के बाद बिजली आपूर्ति बाधित होने से करीब 300 ट्रेनें भी प्रभावित हुईं और विभिन्न स्थानों पर उन्हें रूका रहना पड़ा। ग्रिड के ठप्प पड़ जाने से दिल्ली-हावड़ा रेल मार्ग बुरी तरह प्रभावित हुआ है। रेलवे सूत्रों के अनुसार उत्तरी रेलवे , उत्तर मध्य रेलवे, पश्चिमी रेलवे , पश्चिम मध्य रेलवे, पूर्व मध्य रेलवे और दक्षिण पूर्वी रेलवे रेल क्षेत्र बुरी तरह प्रभावित हुए हैं।


शुरुआती रिपोर्ट के अनुसार, प्रभावित होने वाली ट्रेनों में राजधानी और शताब्दी एक्सप्रेस के साथ साथ लंबी दूरी तय करने वाली अनेक रेलगाड़ियां भी शामिल हैं। पूर्वी ग्रिड के ठप पड़ जाने से पश्चिम बंगाल के आसनसोल, हावड़ा जोन में भी रेल यातायात प्रभावित हुआ। विभाग के एक प्रवक्ता ने बताया कि कल बिजली आपूर्ति के बाधित होने के बाद प्रभावित हुईं रेल सेवाएं दुरुस्त हो भी नहीं पाई थीं कि आज फिर से यह प्रभावित हो गईं। उन्होंने कहा कि रेल विभाग रूकी हुई रेलगाड़ियों को चालू करने के लिये अन्य स्रोतों से बिजली की व्यवस्था कर रहा है।

वहीं, उत्तरी ग्रिड के बाद पूर्वी ग्रिड भी आज ठप्प हो गया जिससे पश्चिम बंगाल, सिक्किम, झारखंड, बिहार और ओडिसा अंधेरे में डूब गए। रेल सूत्रों ने बताया कि हावड़ा, सियालदह और आसनसोल डिवीजनों में बिजली आपूर्ति बाधित होने के कारण ट्रेन सेवाएं रूक गईं। दक्षिण पूर्वी रेलवे सूत्रों ने कहा कि पश्चिम बंगाल, झारखंड, उडीसा और बिहार का बडा हिस्सा इससे प्रभावित हुआ। सूत्रों ने बताया कि हावडा खडगपुर सेक्शन में 26 ट्रेनें रूकी हुई हैं जबकि 11 ट्रेनें खडगपुर भद्रक और चार ट्रेनें खडगपुर टाटानगर सेक्शन पर रूकी हुई हैं। कोलकाता और आस पास के बडे हिस्से में बिजली नहीं है। मेट्रो ट्रेन सेवा सीईएससी लिमिटेड की बिजली से चलायी जा रही है।

फोर्ब्स की लिस्ट में टॉप 10 में 6 इंडियन क्रिकेटर्स




नई दिल्ली।। क्रिकेट की दुनिया में 'महाशक्ति' का दर्जा रखने वाले भारत के छह खिलाड़ियों को अमेरिका की बिजनेस मैगजीन 'फोर्ब्स' ने दुनिया के 10 सर्वाधिक कमाई करने वाले क्रिकेट खिलाड़ियों की लिस्ट में शामिल किया है। खास बात यह कि सचिन तेंडुलकर कमाई में धोनी से पीछे पड़ गए हैं। उनके पिछड़ने की वजह बना है उन्हीं का एक नेक फैसला। गौरतलब है कि 2010 में सचिन ने विजय माल्या के यूबी ग्रुप की एक बड़ डील ठुकरा दी थी।
क्रिकेट में भारत की 'ताकत' का अंदाजा इस बात से लगाया जा सकता है कि फोर्ब्स द्वारा जारी 10 सर्वाधिक कमाई करने वाले क्रिकेट खिलाड़ियों की सूची में शीर्ष पांच स्थानों पर भारतीय खिलाड़ियों का कब्जा है जबकि चार ऑस्ट्रेलियाई खिलाड़ी भी इस लिस्ट में अपना स्थान बनाने में सफल रहे हैं। इस लिस्ट में पहले स्थान पर 'कैप्टन कूल' के नाम से मशहूर टीम इंडिया के कप्तान महेंद्र सिंह धोनी हैं जिनकी पिछले साल की कुल कमाई दो करोड़ 65 लाख डॉलर (147 करोड़ रुपये से अधिक) रही।

धोनी ने क्रिकेट से कमाए 20 करोड़, ऐड से सवा सौ करोड़
धोनी को जहां 35 लाख डॉलर (करीब 19 करोड़ 47 लाख रुपये) क्रिकेट खेलकर मिले वहीं ऐड करके उन्होंने दो करोड़ 30 लाख डॉलर (127 करोड़ रुपये से अधिक) की कमाई की। आईपीएल में चेन्नै सुपर किंग के कप्तान धोनी रिबॉक, पेप्सीको, सोनी जैसी बहुराष्ट्रीय कंपनियों के लिए प्रचार करते हैं। धोनी विज्ञापन के जरिये कमाई करने के मामले में सबसे आगे हैं।

मैगजीन के मुताबिक कमाई के मामले में 'रेकॉर्डों के शहंशाह' सचिन तेंडुलकर दूसरे नंबर पर हैं। 'मास्टर ब्लास्टर' ने पिछले एक साल में एक करोड़ 86 लाख डॉलर (103 करोड़ रुपये) की कमाई की। तेंडुलकर को क्रिकेट से जहां 21 लाख डॉलर (11 करोड़ 68 लाख रुपये) मिले वहीं ऐड के जरिये उन्होंने एक करोड़ 65 लाख डॉलर (लगभग 92 करोड़ रुपये) की कमाई की। 'शतकों का शतक' ठोकने वाले तेंडुलकर आडीडास, कोका कोला और कैस्ट्रॉल जैसी कंपनियों के लिए प्रचार करते हैं।

क्रिकेट से कमाई में नंबर 1 हैं गंभीर
इस लिस्ट में तीसरे नंबर पर टीम इंडिया के भरोसेमंद बल्लेबाज गौतम गंभीर हैं। आईपीएल में कोलकाता नाइट राइडर्स के लिए खेलने वाले गंभीर ने पिछले एक साल में 73 लाख डॉलर (40 करोड़ 61 लाख रुपये) की कमाई की। इस कमाई में से गंभीर को 39 लाख डॉलर (21 करोड़ 69 लाख) क्रिकेट खेलकर मिले वहीं विज्ञापनों के जरिये उन्होंने 34 लाख डॉलर (लगभग 19 करोड़ रुपये) कमाए। गंभीर रिबाक, रेड बुल और हीरो होंडा के लिए प्रचार करते हैं। इस तरह क्रिकेट खेलकर कमाई करने के मामले में गंभीर ने धोनी को पीछे छोड़ दिया है।

फोर्ब्स ने सर्वाधिक कमाई करने वाले क्रिकेटरों में टीम इंडिया के उप कप्तान विराट कोहली को चौथे नंबर पर रखा गया है। कोहली ने पिछले साल 71 लाख डॉलर (39 करोड़ 50 लाख रुपये) की कमाई की। कोहली को क्रिकेट खेलकर 31 लाख डॉलर (17 करोड़ 25 लाख रुपये) मिले जबकि ऐडवर्टाइज़मेंट्स से उन्हें 40 लाख डॉलर (22 करोड 26 लाख रुपये) की आमदनी हुई।

भारतीय क्रिकेट टीम के विस्फोटक बल्लेबाज वीरेंद्र सहवाग कमाई के मामले में पांचवे नंबर पर रहे। उन्होंने पिछले एक साल में 69 लाख डॉलर (38 करोड़ 40 लाख रुपये) की कमाई की। इसमें से 28 लाख डॉलर (15 करोड़ 40 लाख रुपये) क्रिकेट खेलकर जबकि 41 लाख डालर (22 करोड़ 81 लाख रुपये) ऐडवर्टाइज़मेंट्स से मिले। सहवाग फिला, हीरो होंडा, रॉयल चैलेंज के लिए प्रचार करते हैं।

ऑस्टेलियाई खिलाड़ी शेन वाट्सन सर्वाधिक कमाई करने वाले क्रिकेटरों में छठे नंबर पर हैं और उन्होंने पिछले साल 59 लाख डॉलर (32 करोड़ 84 लाख रुपये) की कमाई की। लिस्ट में ऑस्ट्रेलिया की क्रिकेट टीम के कप्तान माइकल क्लार्क सातवें (49 लाख डॉलर या 27 करोड 27 लाख रुपये), ऑस्ट्रेलिया के ही तूफानी गेंदबाज ब्रेट ली आठवें (48 लाख डॉलर या 26 करोड़ 71 लाख रुपये) पूर्व ऑस्ट्रेलियाई कप्तान रिकी पोंटिंग नौंवे (41 लाख डॉलर या 22 करोड़ 82 लाख रुपये) और अपने ताबड़तोड़ छक्कों और चौकों के लिये मशहूर भारतीय क्रिकेट स्टार यूसुफ पठान 10वें नंबर (37 लाख डॉलर या 20 करोड़ 59 लाख रुपये) पर हैं।

फोर्ब्स ने माही के बारे में लिखा, 'महेंद्र सिंह धोनी अपने हेयरस्टाइल, तेज रफ्तार बाइक्स और आक्रामक बल्लेबाजी के लिए जाने जाते हैं। कैप्टन कूल के नाम से जाने चर्चित माही के नेतृत्व में टीम ने दबाव में बेहतरीन प्रदर्शन करते हुए कई बार सफलता हासिल की है। माही के नेतृत्व में टीम इंडिया ने पिछले साल फरवरी में वर्ल्ड कप जीता। उनकी इस सफलता ने उन्हें भारत का सबसे बड़ा सिलेब्रेटी बना दिया।'

इसलिए धोनी से पीछे पड़े तेंडुलकर
तेंडुलकर के बारे में मैगजीन ने लिखा, 'तेंडुलकर ने भले ही 100वीं सेंचुरी लगाई हो लेकिन भविष्य में उनके कमाई सीमित रहेगी। 'लिट्ल मास्टर' के नाम से मशहूर तेंडुलकर, धोनी से पहले सर्वाधिक कमाई करने वाले क्रिकेटर थे।' मैगजीन के मुताबिक तेंडुलकर की कम कमाई की वजह शराब है। धोनी शराब के विज्ञापन से बहुत कमाते हैं जबकि तेंडुलकर शराब का विज्ञापन नहीं करते हैं। रिपोर्ट में कहा गया है कि शराब का ऐडवर्टाइज़मेंट नहीं करने के फैसले का उनकी कमाई पर असर पड़ा है। इसके अलावा एक और वजह यह है कि आईपीएल के दौरान 10 मैचों में नहीं खेलने से भी उनकी कमाई में कम हुई।

चिदंबरम फिर बने वित्त मंत्री, शिंदे नए गृह मंत्री

नई दिल्ली।। प्रेजिडेंट चुनाव के बाद केंद्रीय कैबिनेट में बड़ा फेरबदल किया गया है। प्रणव के जाने से खाली हुई वित्त मंत्री की कुर्सी पी. चिदंबरम को सौंपी गई है। वहीं ऊर्जा मंत्री सुशील कुमार शिंदे नए गृह मंत्री होंगे। कॉरपोरेट मामलों के मंत्री वीरप्पा मोइली को ऊर्जा मंत्रालय का अतिरिक्त प्रभार सौंपा गया है। इस बारे में अधिसूचना जारी कर दी गई है।


देशभर में जहां इस समय बिजली गुल है, वहीं पावर मिनिस्टर सुशील कुमार शिंदे और 'पावरफुल' हो जाएंगे। शिंदे को गृह मंत्रालय की कमान तो सौंपी ही जाएगी, वह लोकसभा में नेता सदन भी होंगे।

कैबिनेट में फेरबदल राष्ट्रपति प्रणव मुखर्जी की मंजूरी के लिए भेज दिया गया है। प्रणव मुखर्जी के प्रेजिडेंट बनने के बाद से केंद्रीय कैबिनेट में बदलाव की सुगबुगाहट थी। कैबिनेट में फेरबदल से शपथ ग्रहण की आवश्यकता नहीं होगी, क्योंकि सभी पहले से ही कैबिनेट मंत्री हैं।

सूत्रों के मुताबिक प्रधानंत्री मनमोहन सिंह पी. चिदंबरम को वित्त मंत्री के रूप में देखना चाहते थे। बतौर वित्त मंत्री चिदंबरम काफी अनुभवी हैं और यूपीए सरकार में वह इस पद की जिम्मेदारी बखूबी संभाल चुके हैं।

सोमवार, 30 जुलाई 2012

गगन नारंग ने खोला भारत का खाता, जीता ब्रॉन्ज मेडल

लंदन: भारत के निशानेबाज गगन नारंग ने शानदार प्रदर्शन करते हुए सोमवार को लंदन ओलंपिक की 10
मीटर एयर राइफल स्पर्धा में कांस्य पदक हासिल किया। स्टार निशानेबाज गगन ने कांस्य पदक जीत कर लंदन ओलंपिक में भारत की झोली में पहला पदक डाला।


नारंग ने 10 मीटर एयर राइफल स्पर्धा में कांस्य जीता। महिला तीरंदाजी की व्यक्तिगत स्पर्धा में भारत की लैसराम बोम्बाल्या देवी को हालांकि शीर्ष-32 दौर में हार को सामना करना पड़ा।

इस स्पर्धा के पहले दौर में बोम्बाल्या ने जीत हासिल की थी। लेकिन बाद में उन्हें मैक्सिको की आइदा रोमन के हाथों हार मिली। बोम्बाल्या की हार से पहले ही नारंग को पदक जीतने की खुशी प्रदान की थी। 10 मीटर एयर राइफल स्पर्धा में भारत को मौजूदा चैंपियन अभिनव बिंद्रा से एक बार फिर से ओलम्पिक चैम्पियन जैसे प्रदर्शन की उम्मीद थी लेकिन उन्होंने निराश किया।

नारंग बीजिंग ओलम्पिक में फाइनल में जगह नहीं बना सके थे लेकिन इस बार उन्होंने पदक पर निशाना लगाया। यह अलग बात है कि बीजिंग में इस स्पर्धा का स्वर्ण जीतने वाले बिंद्रा इस बार फाइनल में नहीं पहुंच सके।

नारंग ने क्वालीफाईंग राउंड में 598 अंक हासिल करते हुए तीसरा स्थान प्राप्त किया था। फाइनल में उन्होंने 103.1 अंक जुटाए और कुल 701.1 के स्कोर के साथ कांस्य पदक जीता। फाइनल में नारंग ने 10 प्रयासों में क्रमश: 10.7, 9.7, 10.6, 10.7, 10.4, 10.6, 9.9, 10.3 और 10.7 स्कोर हासिल किया।

नारंग क्वालीफीकेशन में हिस्सा ले रहे 47 निशानेबाजों में तीसरे स्थान पर रहे थे। नारंग ने पहली सीरीज में 100, दूसरी में 100, तीसरी में 98, चौथी में 100, पांचवीं में 100 और छठी सीरीज में भी 100 अंक हासिल किए। दूसरी ओर, बिंद्रा पहली और दूसरी सीरीज में 99-99, तीसरी और चौथी सीरीज में 100-100 अंक जुटाने में सफल रहे लेकिन पांचवीं सीरीज में 99 और छठी सीरीज में 97 अंक ने उन्हें फाइनल की दौड़ से बाहर कर दिया।

इटली के निकोलो कैम्प्रियानी और रोमानिया के एलिन जॉर्ज मोल्दोवियानू ने 599-599 अंक हासिल किए थे। दोनों ने मौजूदा विश्व रिकॉर्ड की बराबरी की थी। एलिन ने फाइनल में कैम्प्रियानी को पीछे छोड़ते हुए 103.1 अंक हासिल किया और 702.1 के स्कोर के साथ स्वर्ण पदक पर कब्जा जमाया। कैम्प्रियानी फाइनल में जुटाए गए 102.5 अंकों के साथ कुल 701.5 स्कोर के साथ रजत पदक हासिल करने में सफल रहे।

गौर हो कि नारंग बीजिंग ओलंकिप में फाइनल में जगह नहीं बना सके थे लेकिन इस बार उन्होंने पदक पर निशाना लगाया। यह अलग बात है कि बीजिंग में इस स्पर्धा का स्वर्ण जीतने वाले अभिनव बिंद्रा इस बार फाइनल में नहीं पहुंच सके।

इस मेडल को जीतने के बाद राष्‍ट्रपति प्रणब मुखर्जी और प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह ने गगन नारंग को बधाई दी है। वहीं, हरियाणा के मुख्‍यमंत्री भूपिंदर सिंह हुड्डा ने गगन को एक करोड़ रुपये देने का ऐलान किया है।

लोकपाल मुद्दे पर अन्ना हजारे ने सरकार को दी चेतावनी

दिल्‍ली। गांधीवादी कार्यकर्ता अन्ना हजारे ने आज अपने अनशन के दूसरे दिन सरकार को चेतावनी दी कि यदि उसने सशक्त लोकपाल विधेयक नहीं लाया तो उसे जाना होगा क्योंकि विरोध प्रदर्शन की लहर बन रही है। कल हुई भारी भीड़ के बाद आज सुबह अनशन स्थल जंतर मंतर पर करीब 400 लोग हैं। आयोजकों ने कहा कि बारिश और मेट्रो सेवाओं में आई बाधा के कारण कम लोग आये हैं। उन्होंने कहा कि दिन चढ़ने के साथ लोगों में बढ़ोत्तरी होगी। हजारे ने आज 11 बजे मंच संभाला और कहा, देश में भ्रष्टाचार के खिलाफ विरोध प्रदर्शन की लहर बन रही है। मुझे ऐसा लग रहा है कि सरकार को एक सशक्त लोकपाल विधेयक लाना होगा या उसे जाना जोगा।


उनके प्रमुख सहयोगी अरविंद केजरीवाल ने ट्विटर पर लिखा, इस बार करो या मरो। यह सप्ताह देश को समर्पित करिये। आप अपने कार्यालय और कालेज से छुट्टी लीजिये। सड़कों पर आइये। केवल एक सप्ताह के लिये। उन्होंने कहा, भ्रष्टाचार मुक्त भारत के लिये प्रार्थना कीजिये। मुझे पूरा विश्वास है कि भारत का समय आ गया है। भविष्य भारत का है। और यह जल्द होगा। टीम अन्ना की एक अन्य सदस्य किरण बेदी ने कहा कि अगले कुछ दिन देश के भविष्य का फैसला करेंगे। उन्होंने कहा, यह या तो समान समृद्धि यात्रा की शुरूआत होगी या कुछ लोगों की साठगांठ वाली व्यवस्था बनी रहेगी।

इस बीच टीम अन्ना को फिल्मकार शेखर कपूर का समर्थन मिला। कपूर ने कहा, भारत को सरकार बदलने की जरूरत नहीं बल्कि राजनीतिक व्यवस्था परिवर्तित करने की जरूरत है। 65 वर्षो की वर्तमान प्रणाली ने प्रशासन और लोगों के बीच बड़ी खाई बनाई है। उन्होंने घोषणा की आज वह जंतर मंतर जायेंगे। उधर टीम अन्ना के एक अन्य सदस्य कुमार विश्वास ने कांग्रेस पर पलटवार करते हुए कहा कि जो भीड़ कल आई थी वह पूरे सप्ताह आयेगी। पूरा सप्ताह रविवार रहेगा। इससे पहले कांग्रेस नेता रेणुका चौधरी ने कहा था कि रविवार होने के कारण भीड़ आयी थी। विश्वास ने कहा कि कांग्रेस की नेता सप्ताहांत मनाती हैं, देश की आम जनता नहीं। आम जनता सरकार के खिलाफ सड़कों पर उतरती है। इस बीच दोपहर तक भीड़ बढ़कर करीब चार हजार तक पहुंच गई। उल्लेखनीय है कि अन्ना के अनशन का यह दूसरा दिन है जबकि अन्य तीन लोग पिछले छह दिनों से अनशन पर बैठे हैं।

शनिवार, 28 जुलाई 2012

गूगल ने पेश की सबसे तेज इंटरनेट सर्विस


लंदन।। इंटरनेट की दुनिया के बड़े खिलाड़ी गूगल ने शनिवार को दुनिया की सबसे तेज स्पीड की इंटरनेट सर्विस शुरू की है। इसकी स्पीड एक गीगाबाइट प्रति सेकंड है। ऑप्टिकल फाइबर के उपयोग से मिलने वाली यह स्पीड दुनिया में लगभग सभी जगहों पर उपलब्ध इंटरनेट सर्विस से ज्यादा तेज है। इस स्पीड से 10 सेकंड में एक फिल्म डाउनलोड की जा सकती है।


अखबार 'डेली मेल' की खबर के अनुसार, इंटरनेट सर्च इंजन ने मिजौरी के कानसास शहर में गूगल फाइबर नाम के अपने इस अति तेज इंटरनेट सर्विस की शुरुआत की है। गूगल इस सर्विस को भविष्य में अन्य शहरों में भी शुरू करना चाहता है ।

गूगल के मुख्य फाइनैंस ऑफिसर पैट्रिक पिशेते ने बताया, 'इसे लोगों तक पहुंचाना अगला कदम है और हम इसे फायदे में रहते हुए करने वाले हैं। हमारी यही योजना है। उन्होंने कहा, 'हम एक चौराहे पर हैं। उन्होंने कहा कि 2000 से अभी तक इंटरनेट की स्पीड ब्रॉडबैंड को आधार मान कर मापी जाती थी। पिशेते ने कहा, 'गूगल में हमारा मानना है कि इंतजार करने की कोई जरूरत नहीं है।'

138 साल की सगीरन रखती हैं रोजे





इबादत की जुस्तजू 138 वर्ष की सगीरन में आज भी वैसी ही कायम है। रमजान के रोजे वह आज भी उतने ही चाह से रखती हैं जितनी खुशी से पहले रखती थीं। करीम नगर में रहने वाली सगीरन का जन्म 18 जुलाई 1874 को दरियागंज मेरठ में हुआ। 13 साल की उम्र से उन्होंने रोजे रखना शुरू कर दिया था। अब उनकी उम्र 138 साल है, लेकिन अल्लाह की इबादत करने वाली सगीरन बी पूरे चाव से रमजान के सारे रोजे रख रही हैं। सगीरन के यहां बुनकर का काम होता है।



इस बड़ी उम्र में आज भी सगीरन महिलाओं के साथ घर के कामों में हाथ बंटाती हैं। वह अपने हाथ से चरखे द्वारा धागे की नली फिराती है।
उम्र का प्रभाव कानों पर पड़ा, अब उन्हें कम सुनाई देने लगा है। उसके छह बेटे अब्दुल हकीम, अब्दुल रहीम, मो. सईद, रशीद अहमद, रफीक और इस्लामुददीन हैं। इनमें से तीन का इंतकाल हो चुका है। सईद की उम्र 90 साल है। सगीरन के पोते इश्तयाक अहमद की उम्र 60 साल है। सगीरन के पति अल्लाह मेहर का इंतकाल हो चुका है। उन्होंने बताया कि उनकी दादी आज भी पान बड़ी शौंक से खाती हैं। खाने में मसूर की दाल और रोटी, मीठे में सूजी का हलवा उन्हें बेहद पसंद है।

शुक्रवार, 27 जुलाई 2012

पत्थर का नाश्ता करती हैं टेरेसा


क्या आप इस बात पर यकीन कर सकते हैं कि एक महिला पत्थर खाती हैं। जी हंा, किसी प्रताडना के चलते नहीं बल्कि अपने शौक से। वर्जिनिया की रहने वाली टेरेसा विडेनर पत्थर खाना पसंद करती हैं।


टेरेसा पिछले 20 साल से पत्थर चबा रही हैं और अब तक वे 1,360 किलोग्राम पत्थर चबा चुकी हैं, जिसका वजन किसी हम्पबैक व्हेल के बराबर होगा।

दो बच्चों की मां टेरेसा बताती हैं कि पत्थर चबाने से उन्हें काफी राहत मिलती है। जब भी वो उदास होती है, तो उनका मन चॉकलेट्स की बजाय पत्थर खाने का करता हैं। और इसलिए वो हथौडा लेकर पत्थर तोडने लग जाती हैं। और उन्हें खाकर ही दम लेती हैं।

बस एक इंजेक्शन से लौट सकती है आंखों की रोशनी



अब आंखों की रोशनी वापस आ सकती है। वैज्ञानिकों का दावा है कि उन्होंने ऐसे रसायन की खोज की है जिससे अंधे लोगों में आंखों की रोशनी वापस आ सकती है। इस रसायन को इंजेक्शन के जरिए आंखों में पहुंचाया जा सकता है।

यूनिवर्सिटी ऑफ कैलिफोर्निया की टीम यूनिवर्सिटी ऑफ म्यूनिख और यूनिवर्सिटी ऑफ वाशिंगटन के शोधकर्ताओं के साथ मिलकर एक उन्नत यौगिक पर काम कर रहे हैं जिसके प्रयोग से एक अंधी चूहिया की आंखों में थोड़े दिनों के लिए रोशनी आ गई थी।

इस यौगिक को एएक्यू कहा जाता है, जो आंखों में प्रकाश के प्रति संवेदनशील इलेक्ट्रॉनिक चिप लगाने से कम आक्रामक होता है। यह पद्धति उन लोगों के लिए लाभप्रद हो सकती है जो रेटिनिटिस पिगमेंटोसा नाम की वंशानुगत बीमारी से ग्रसित होते हैं। यह बीमारी अंधेपन की सबसे आम बीमारी है। इसी तरह उम्र के साथ आंखों की रोशनी में कमी आने पर भी यह मददगार सिद्ध हो सकता है।

इन दोनों ही बीमारियों में रेटीना में स्थित प्रकाश के प्रति संवेदनशील कोशिकाएं, शलाका और शंकु मत होते हैं, जिसके कारण आंखें कुछ भी देख पाने में असमर्थ होती हैं।

यूनिवर्सिटी ऑफ वाशिंगटन में नेत्र चिकित्सक और सहायक लेखक डॉ. रसेल वान ने कहा कि आंखों की रोशनी वापस लाने के क्षेत्र में यह एक महत्वपूर्ण खोज है। यह रिपोर्ट न्यूरॉन पत्रिका में प्रकाशित हुई है।

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नौकरी चाहिए तो मार्केटिंग के ये तरीके अपनाएं



आजकल गलाकाट प्रतियोगिता वाले इस दौर में अपनी काबिलियत साबित करने के लिए सिर्फ योग्यता ही काफी नहीं, खुद को सही तरीके से पेश करना भी बहुत जरूरी है। कई बार योग्य होने के बावजूद आपको वह सफलता नहीं मिल पाती जिसके आप सही मायने में दावेदार हैं। ऐसे में हम आपको कुछ ऐसे उपायों के बारे में बता रहे हैं जिनसे आप अपनी मार्केटिंग सही तरीके से करने में कामयाब होंगे।

व्यक्तित्व पर दें ध्यान
चाहे आप सेल्स या मार्केटिंग में हों या फिर रियल एस्टेट या ट्रैवल इंडस्ट्री में, किसी भी कंपनी में आपकी नियुक्ति का पहला मापदंड यह होगा कि आपकी पर्सेनालिटी आपके काम के हिसाब से फिट है या नहीं। किसी भी कंपनी के एचआर के लिए यह जानना बहुत जरूरी है कि वह जिस व्यक्ति को नियुक्त करने जा रहे हैं वह उस काम के लायक है भी या नहीं। आपकी पर्सेनालिटी से हमेशा झलकना चाहिए कि आप एक अच्छे टीम प्लेयर हैं, योग्य हैं और सीखने के लिए हमेशा तैयार रहते हैं।

अपना कौशल बढ़ाएं
सही मार्केटिंग के लिए जरूरी है कि आपका जानकारी का दायरा अधिक हो। आप जिस क्षेत्र से जुड़े हैं या जुड़ना चाहते हैं, उसके बारे में पुख्ता जानकारी होनी जरूरी है। इससे न सिर्फ आपका इम्प्रेशन अच्छा पड़ेगा बल्कि आपका आत्मविश्वास भी बढ़ेगा। यकीन मानिए, आपकी जानकारी सामने वाले के आगे आपका कद बढ़ाने में बहुत काम आएगी।

सही दिशा में नेटवर्किंग
सही मार्केटिंग के लिए जरूरी है कि है कि आपकी नेटवर्किंग भी जरूरी है। नेटवर्किंग से मतलब है कि आप किस तरह लोगों से मिलते-जुलते हैं और किनके बीच में आपका उठना-बैठना है। आपका अच्छा नेटवर्क हमेशा आपके लिए मददगार है। इसके अलावा सोशल वेबसाइट्स जैसे लिंक्डन, फेसबुक, ट्विटर, गूगल प्लस आदि भी नेटवर्किंग का आसान और प्रभावी तरीका है।

शानदार हो रेज्यूमे
रेज्यूमे या सीवी किसी भी संस्थान से जुड़ने का सबसे पहला माध्यम है इसलिए इसका प्रभावी होना बहुत जरूरी है। इसमें अपने बारे में और अपने काम के बारे में आप जो कुछ भी लिखते हैं उसका प्रभाव सबसे पहले पड़ता है। इसलिए सीवी की भाषा कैसी हो या इसमें गलतियां न हों, इस बात का ध्यान रखना बहुत जरूरी है।

अपनी रुचि जाहिर करें
आप में ऐसी क्या खास बात है जो आपको दूसरों से अलग करती है, यह जाहिर करना जितना जरूरी है उतना ही कठिन भी। ऐसे में जिन गतिविधियों में आपकी रुचि है, उसके बारे में बताने में आपको जरा भी नहीं हिचकना चाहिए। अपनी काबिलियत को सही तरीके से रखने के लिए काम से दीगर आपकी रुचि आपकी पर्सेनालिटी को उभारती है।

'क्‍या सुपर कूल हैं हम'





हैलो फ्रैंड्स! ये तो आप जानते ही हैं आजकल कॉमेडी फिल्‍मों का चलन है। इस बार हम चर्चा करने जा रहे हैं हंसी-मजाक से भरी एडल्‍ट कॉमेडी की। यानी आज हम बात करेंगे एकता कपूर के बैनर तले बनी 'क्‍या सुपर कूल हैं हम' की। कहने को ये 'क्‍या कूल हैं हम' का सीक्‍वल है लेकिन है उससे एकदम अलग यानी जैसे एकता ने कहा था कि इस फिल्‍म में आपको सब कुछ डबल मिलेगा, कुछ गलत नहीं था, इसमें पिछली फिल्म के मुकाबले डबल मिनिंग शब्‍दों की भरमार और साथ ही डबल सेक्‍स कॉमेडी मौजूद है।

कहानी
फिल्म में आदी (तुषार कपूर) और सिड (रितेश देशमुख) बहुत अच्छे दोस्त हैं। लेकिन दोनों के कॅरियर पर बुरी दशा चल रही है। सिड की कमाई का जरिया है सकरू (कुत्ता) वहीं आदी को अपनी किस्मत यानी लकी लड़की का इंतजार है। इसी थीम पर स्टोरी आगे बढ़ती है और शुरू होता है दोहरे संवादों का सिलसिला। कहने को इसी थीम पर किस्मत कनेक्‍शन फिल्म भी बन चुकी है ले‌किन उसमें सेक्स का तड़का नहीं था। 'क्या कूल हैं हम' में यही थीम थी लेकिन इस बार कई नई चीजें जोड़ी गई हैं, खासतौर पर सकरू (कुत्ता)।

अभिनय
तुषार और रितेश की कैमस्ट्री अच्छी थी। कहीं रितेश तुषार पर भारी पड़े तो कई दृश्यों में इसका उल्टा भी दिखा। नेहा पहले ये फिल्म नहीं करने वाली थीं, लेकिन वो इस फिल्म में काफी आकर्षित करती हैं। सारा जेन की अलग ही पसर्नेलटी है लेकिन कहीं-कहीं सारा ओवर-एक्टिंग करती दिखीं। रजाक और चंकी पांडे अपनी छाप छोड़ने में कामयाब रहे।

निर्देशन
ऐसा लगता है कि निर्देशक सचिन यार्डी ने पहले बनाई फिल्म 'क्या कूल हैं हम' से भी ज्यादा ईमानदार तरीके से इस फिल्म पर काम किया है। फिल्म का विजन एकदम क्लीयर है। ये एक एडल्ड कॉमेडी है। फिल्म कहीं भी आपको बोर नहीं करेगी। आमतौर पर जिन फिल्मों का फर्स्ट हाफ अच्छा होता है, उनका सेकेंड हाफ ठीक-ठाक या कामचलाऊ होता है मगर फिल्म में बैलेंस बना हुआ है।

संगीत
फिल्म का संगीत यादगार नहीं है लेकिन फिल्म के दौरान आप इन्हें गुनगुना सकते हैं। टाइटल सॉन्ग के अलावा 'हम तो हैं कप्पूचीनों और' 'दिल गाडर्न-गाडर्न' अच्छा सॉन्ग है। इतना ही नहीं कप्पूचीनों और 'दिल गाडर्न-गाडर्न' का सेटअप और कोरयोग्राफी भी जानदार है।

क्यों देखें
आपको एडल्ड जोक्स पसंद है और जोक्स के साथ-साथ हंस-हंस कर लोट-पोट होना है तो आप फिल्म देख सकते हैं। अगर आप सोच रहे हैं कि यह फिल्म 'क्या कूल हैं हम' की ही तरह होगी तो आप गलत हैं। ये फिल्म है उसी का सीक्वल है लेकिन जैसे कहा गया था, इसमें सब कुछ वाकई डबल है।

क्यों न देखें
अगर आप पुराने ख्यालात के हैं और आप सेक्स कॉमेडी से नाक-भौं सिकोड़ते हैं तो यह फिल्म आपके लिए नहीं है। फिल्म देखने के लिए बच्चों को साथ ना ले जाएं तो बेहतर। युवा दर्शकों को फोकस करके ये फिल्म बनाई गई है तो फिल्म देखने जाने से पहले इन बातों का खास ख्याल रखें।

एक्‍ट्रा शॉट्स
इस फिल्म का पहला भाग लगभग छह-सात साल पहले बना था। पिछली फिल्म जिन कारणों से हिट हुई, वो सारे एलीमेंट्स और ज्यादा मात्रा में यहां मौजूद हैं।
रितेश देशमुख, तुषार कपूर और अनुपम खेर पिछली फिल्म 'क्या कूल हैं हम' का भी हिस्सा थे।
फिल्म में 'देवदास' फिल्म के भी एक सीन को कॉमेडी के साथ परोसा गया है।
टीवी पर इस फिल्म के प्रोमो रिलीज नहीं किए गए लेकिन इंटरनेट पर फिल्म के असली प्रोमो ने धूम मचाई।
अभिनेत्री नेहा शर्मा ने ‘क्या सुपर कूल हैं हम’ में काम करने से मना कर दिया था क्योंकि वे इस फिल्म के ‘बोल्ड कंटेट से घबराई हुई थीं।

बैनर: एएलटी एंटरटेनमेंट, बालाजी टेलीफिल्म्स लिमिटेड
निर्माता: एकता कपूर
निर्देशक: सचिन यार्डी
संगीत: सचिन-जिगर, शंकर-एहसान-लॉय
कलाकार: तुषार कपूर, रितेश देशमुख, नेहा शर्मा, सारा जेन डायस, अनुपम खेर, चंकी पांडे
रे‌टिंग: **1/2

90 दिन के भीतर बना बाप, दादा और परदादा



लंदन। भगवान जब देने पर उतारू हो जाता है, तो खुशियां छप्पर फाड़कर बरसती हैं। यहां के योर्कशायर में एक व्यक्ति के साथ कुछ ऐसा ही हुआ। महज 90 दिनों के भीतर ही वह व्यक्ति बाप, दादा और परदादा बन गया। अगले पांच साल में सेवानिवृत्ति होने वाले पैट्रिक स्लोआन (60) को जब मालूम हुआ कि वह इस उम्र में बाप बनने जा रहा है तो वह आश्चर्यचकित रह गया। कुछ दिन बाद जब उसे यह पता चला कि बाप बनने के आसपास ही उसका दूसरा पोता और पहला परपोता भी जन्म लेने वाले हैं तो उसे विश्वास ही नहीं हुआ। पैट्रिक का सबसे छोटा बेटा इथान इस साल मार्च में पैदा हुआ। इसके बाद जून में इसका परपोता मैसन पैदा हुआ। मैसन के पैदा होने के 12 दिन बाद पोते नियोनार्ड का जन्म हुआ। पैट्रिक पहले से ही तीन बच्चों का बाप है। इसके छह पोते भी हैं।

'इंडियन रेलवे दुनिया का सबसे बड़ा खुला शौचालय'





नई दिल्ली : केंद्रीय ग्रामीण विकास मंत्री जयराम रमेश ने देश की लाइफ लाइन रेलवे पर तंज कसते हुए उसे दुनिया का सबसे बड़ा खुला शौचालय बताया है।

रमेश ने यह बयान जैव-शौचालयों के लिए धन उपलब्ध कराए जाने के सम्बंध में दिया।

रमेश के मुताबिक, हम खुले में शौच करने के मामले में दुनिया में नम्बर पर एक हैं। दुनिया में खुले में होने वाले शौच का 60 फीसदी भारत में होता है। यह बड़े ही शर्म की बात है।

रमेश ने कहा, भारत में स्वच्छता की समस्याओं का दूसरा रूप रेलवे है जो दुनिया का सबसे बड़ा खुला शौचालय है। 11 लाख यात्री प्रतिदिन खुले में शौचालय करते हैं।

रमेश जो पेयजल एवं स्वच्छता मंत्री भी हैं, उन्होंने कहा कि रेलवे में सफाई की क्या दशा है इसके बारे में हम सभी जानते हैं।

उन्होंने कहा कि मौजूदा समय में नौ रेलगाड़ियों के 436 डिब्बों में ही जैव-शौचालयों को लगाया गया है।

अखिलेश सरकार ने रातोंरात बदलवाई माया की मूर्ति


लखनऊ।। बीएसपी सुप्रीमो मायावती को प्रदेश में अपनी मूर्तियां लगवाने के लिए कोसने वाली समाजवादी पार्टी को ही आखिर माया की मूर्ति लगवानी पड़ गई। मुख्यमंत्री अखिलेश यादव के आदेश के बाद गोमतीनगर के आंबेडकर पार्क में गुरुवार रात मायावती की संगमरमर की नई मूर्ति लगवा दी गई। गुरुवार दोपहर चार बाइकसवार युवकों ने मायावती की मूर्ति का सिर धड़ से अलग कर दिया था।


प्रदेश भर में बीएसपी वर्कर्स के जमकर बवाल के बाद रातोंरात मूर्ति को बदल दिया गया। दरअसल प्रशासन को मायावती की ठीक उसी तरह की दूसरी मूर्ति मिली गई थी। यह मूर्ति कहीं और लगवाई जानी थी, लेकिन कानूनी अड़चनों की वजह से यह धूल फांक रही थी।

मायावती की सफेद संगमरमर की मूर्ति गोमतीनगर इलाके में डॉ. भीमराव अंबेडकर सामाजिक परिवर्तन स्थल के बाहर लगी थी। गुरुवार दोपहर में कुछ युवक वहां आए और उन्होंने मूर्ति के सिर व हाथ तोड़ दिए। मूर्ति तोड़ने के बाद वे फरार हो गए।

इस घटना से बौखलाए बीएसपी वर्कर्स ने प्रदेश भर में बवाल किया। कानपुर और फर्रुखाबाद में पुलिस लाठीचार्ज में 25 लोग घायल हुए। बुंदेलख़ंड, पूर्वांचल और अवध समेत कई इलाकों से भी बीएसपी वर्कर्स के विरोध-प्रदर्शन किया। देर शाम प्रदेश में धारा-144 लागू कर धरना-प्रदर्शन पर रोक लगा दी गई। मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने इस वारदात की निंदा करते हुए कहा कि यह प्रदेश का महौल खराब करने की कोशिश है। उन्होंने कहा कि दोषी लोगों के खिलाफ सख्त कार्रवाई होगी।

प्रदेश के पुलिस महानिदेशक अंबरीष चंद्र शर्मा ने बताया कि इस मामले में तीन लोगों को हिरासत में लिया गया है। इनमें अर्पित श्रीवास्तव तथा आलोक श्रीवास्तव के अलावा विशाल मिश्र नामक का व्यक्ति शामिल है, जो एक मीडिया मैनेजमेंट कंपनी का मालिक है। वारदात से ऐन पहले उसी की कंपनी की मदद से सेना के पदाधिकारियों ने संवाददाता सम्मेलन किया था और उसमें मायावती की मूर्तियां तोड़ने की चेतावनी दी गई थी।

रिक्शे पर सवार होकर चीन से पहुंचा लंदन


लंदन।। खेलों को लेकर लोग कितने जज्बाती होते हैं इसका एक नमूना इस लंदन ओलिंपिक में देखने को मिला है। चीन के एक किसान चेन गुआनमिंग थाईलैंड की बाढ़ और बर्फीले तुर्की जैसे 16 देशों से होते हुए 2 साल में रिक्शे पर सवार होकर चीन से लंदन पहुंचे हैं।


चेन 2010 में चीन से चले थे और अब जाकर लंदन पहुंचे हैं। वह वियतनाम, थाईलैंड, तुर्की और इटली सहित 16 देशों की यात्रा करके यहां पहुंचे हैं। इस बुजुर्ग ने कहा कि वह इस यात्रा से पहले कभी चीन से बाहर नहीं गए थे। उनका कहना है कि वह खिलाड़ियों का समर्थन करना चाहते हैं और ओलिंपिक के भाईचारे की भावना का प्रचार करना चाहते हैं।

चेन ने 2009 से वीज़ा आदि दस्तावेजों को जुटाना शुरू कर दिया था और उनके कुछ मित्रों ने इस काम में उनकी मदद की थी।

महिलाओं में ‘डिजाइनर योनि’लोकप्रिय





एक अध्ययन में पता चला है कि महिलाओं में अपने 'प्राइवेट पार्ट' को लेकर सजगता बढी है. अब महिलाएं अपने प्राइवेट पार्ट भी डिजाइनर चाहती हैं.

ब्रिटेन की एक शोध संस्था ने एक एनीमेटेड फिल्म बनाई है और उसे उम्मीद है कि ये फिल्म महिलाओं में ‘डिजाइनर योनि’ की इच्छा के बारे में बहस को प्रोत्साहित करेगी.

सेंटरफोल्ड नामक इस फिल्म में वेलकम दिखाया गया है कि तीन महिलाएं लेबियाप्लास्टी के बारे में चर्चा कर रही हैं कि इसने उन्हें किस तरह से प्रभावित किया है.

लेबियाप्लास्टी वह विधि है जिसमें ऑपरेशन के जरिए स्त्री जननांग यानि कि लेबिया के आंतरिक भाग को कम कर दिया जाता है.

कुछ महीने पहले राष्ट्रीय स्वास्थ्य सेवा यानी एनएचएस की ओर से दो हजार से भी ज्यादा लेबियाप्लास्टी के ऑपरेशन किए गए।

वहीं जानकारों का कहना है कि यदि अनियंत्रित निजी क्षेत्र में होने वाले ऑपरेशन को भी शामिल कर लिया जाए तो ये संख्या कहीं ज्यादा होगी। इस विधि में लागत तीन हजार पौंड से अधिक की आती है.

लेबियाप्लेस्टी मामलों में हो रही लगातार बढ़ोत्तरी के बावजूद एनएचएस की ओर लेबिया के आकार-प्रकार के बारे में किसी तरह के सामान्य दिशा-निर्देश नहीं तय किए गए हैं.

कुछ महिलाएं योनि के आकार-प्रकार के बारे में अजीबोगरीब सपने देखती हैं

ब्रिटेन के प्लास्टिक सर्जनों का एक संगठन इस सर्जरी से पहले मनोवैज्ञानिक काउंसिलिंग की मांग कर रहा है.

इस संगठन का कहना है कि इस सर्जरी से पहले महज 35 प्रतिशत अस्पतालों में ही मनोवैज्ञानिक सलाह की सुविधा है.

डीएनए हुआ मैच, तिवारी जी बन गए 'पापा'



दिल्ली हाईकोर्ट ने कांग्रेस के दिग्गज नेता एनडी तिवारी की डीएनए रिपोर्ट सार्वजनिक करते हुए कहा कि एनडी तिवारी ही रोहित शेखर के पिता हैं.

मालूम हो लंबे समय से रोहित शेखर दावा कर रहे थे कि एनडी तिवारी ही उनके जैविक पिता है वहीं दूसरी ओर एनडी तिवारी लगातार इस बात से इंकार कर रहे थे.

लेकिन आज दिल्ली हाईकोर्ट ने डीएनए रिपोर्ट के जरिए इस बात का खुलासा कर ही दिया कि एनडी तिवारी ही रोहित के पिता है.

खुलासे के बाद तिवारी ने प्रेस नोट जारी करते हुए मीडिया से गुजारिश की यह उनका निजी मामला है कृपया करके मीडिया इसे ज्यादा तूल न दे.

तिवारी ने कहा इस मामले को बढ़ाना समय की बर्बादी करना है उन्होंने लोगों से अपील की वे पहले की तरह उनका साथ निभाएं.उन्होंने कहा मैं हमेशा की तरह देश की सेवा करता रहूंगा.

वहीं दूसरी और रोहित शेखर के चेहरे पर लड़ाई जीतने की मुस्कान थी. रोहित ने कहा मेरा अधिकार मुझे कोर्ट देगी ताकि मैं अपने नाम के आगे अपने बाप का नाम जोड़ सकूं.

मालूम हो कुछ दिन पहले एनडी तिवारी ने दिल्ली हाईकोर्ट में ये याचिका भी दी थी कि उनकी डीएनए टेस्ट की रिपोर्ट को सार्वजनिक न किया जाए जिसे अदालत ने खारिज कर दिया था जिसके बाद अदालत ने 27 जुलाई की तारीख मुकर्रर की थी.

तिवारी ने इसे ही चुनौती दी थी. रोहित शेखर नामक युवक का दावा था कि तिवारी उसके जैविक पिता हैं.

कांग्रेसी नेता एनडी तिवारी ने प्रतिष्ठा के अधिकार की रक्षा के नाम पर डीएनए रिपोर्ट सार्वजनिक न करने की मांग की थी.

क्या है मामला

उत्तराखंड के पूर्व मुख्यमंत्री एनडी तिवारी को रोहित शेट्टी ने अपना पिता बताया था, जबकि तिवारी इस बात से इंकार कर रहे थे.

जिसके बाद दिल्ली हाईकोर्ट ने एनडी तिवारी को डीएनए टेस्ट कराने का आदेश दिया था. काफी आनाकानी करने और सुप्रीम कोर्ट के हस्तक्षेप के बाद तिवारी ने ये टेस्ट कराया था.

तिवारी 87 साल के हैं. उन्होंने अपनी याचिका में कहा था कि कोर्ट अभी तक यह निर्णय नहीं कर पाया है कि यह मामला दिल्ली हाईकोर्ट के अधिकार क्षेत्र में आता भी है या नहीं? ऐसे में रिपोर्ट सार्वजनिक करना उनके साथ भारी अन्याय होगा. अधिकार क्षेत्र पर निर्णय आने तक रिपोर्ट सार्वजनिक न की जाए.

शेखर के पिता है एनडी तिवारी

दिल्ली निवासी 32 वर्षीय रोहित शेखर ने तिवारी के आग्रह पर आपत्ति जताई है. वर्ष 2008 में पितृत्व याचिका दाखिल करने वाले रोहित शेखर का दावा था कि कांग्रेस के वयोवृद्ध नेता उसके जैविक पिता हैं.

तिवारी शेखर के दावे को नकारते रहे हैं. उच्च न्यायालय ने 27 अप्रैल को दिए अपने आदेश में तिवारी को डीएनए परीक्षण करवाने के लिए कहा और उन पर 25,000 रूपये का जुर्माना भी लगाया था.

रोहित शेखर ने एनडी तिवारी का पुत्र होने का दावा करते हुए हाईकोर्ट के समक्ष एक याचिका दायर की थी.

इस याचिका पर सच्चाई का पता कराने के लिए हाईकोर्ट ने एनडी तिवारी का डीएनए टेस्ट कराया था.

लेड़ी गागा ने न्यूड फोटो अपलोड़ कर फैंस को दिया सरप्राइज

हॉलीवुड में अभिनेत्रियों, गायिकों का न्यूड होना कोई नई बात नहीं। कभी अपनी बोल्डनेस को लेकर और अजीबो-गरीब पोशाक पहनने वाली पॉप गायिका लेडी गागा ने कई सुर्खियां बटोरीं हैं। पर अब गागा दो कदम आगे निकल गई है। इस बार 26 वर्षीय पॉप गायिका ने अपने प्रशंसकों के लिए ट्विटर पर अपनी एक न्यूड तस्वीर जारी की है।


इस तस्वीर में गागा के शरीर पर कोई भी कपड़ा नहीं है। वह एक कुर्सी पर बैठी है, उसने दोनों पैरों को ऊपर उठा रखा है। इस अंदाज से उनके शरीर का ऊपरी हिस्सा ढका हुआ नजर आ रहा है जबकि निचला हिस्सा सामने नजर आ रहा है।

गौरतलब है कि बहुत बारीकी से देखने पर पता चलता है कि उन्होंने स्क्रीन रंग की पेटी पहन रखी है। उल्लेखीन है कि कुछ दिन पहले लेडी गागा ने एक परफ्यूम की प्रमोशन के लिए न्यूड पोज दिया था। जिसमें वह पूरी तरह से निर्वस्त्र नजर आ रही थी।

कोलकाता में सेक्स सम्मेलन

अमेरिका में हो रहे यौनकर्मियों के सम्मेलन में जाने की इजाजत ना मिल पाने के बाद, कोलकाता में दुनिया के 40 से अधिक देशों के तमाम यौनकर्मी एड्स पर अंतरराष्ट्रीय सम्मेलन कर रहे हैं,

अमेरिका का वीजा न मिल पाने के बाद कोलकाता में ये समानान्तर सम्मेलन हो रहा है इस सम्मेलन में सभी यौनकर्मी एड्स जैसी खतरनाक बीमारी से जुड़ी जानकारी देंगे और इसके साथ ही सावधानी बरतने की हिदायत देंगे।


पाक ने किया हिन्दू को मुस्लिम बनाने का लाइव टैलिकास्ट

इस्लामाबाद: शुक्रवार को छपे अखबार के संपादकीय में कहा गया है कि कुछ समय से यह जाहिर हो गया है कि देश का इलेक्ट्रॉनिक मीडिया किसी भी चीज को चटपटा बनाने के लिए किसी भी हद तक जा सकता है और अब भी इसमें शामिल हो गया है। इसमें लिखा गया है कि यह घटना इस बात की एक और मिसाल है कि अब मीडिया ने अपने व्यावसायिक उद्देश्यों की प्राप्ति के लिए नैतिक मूल्यों, वैचारिक खुलापन और सामान्य ज्ञान को परे रख दिया है।


मंगलवार को टीवी के इस शो के दौरान उन्हीं के स्टूडियो में एक इमाम को एक हिन्दू लड़के को इस्लाम धर्म स्वीकार करते हुए लाइव दिखाया गया था। इसके अलावा शो के दौरान ही स्टूडियो में बैठे हुए दर्शकों से इस लड़के के लिए नए नाम सुझाने के लिए भी कहा गया। अखबार ने यह भी लिखा है कि ऐसा कोई कारण नहीं, जिससे यह समझा जाए कि उस लड़के ने स्वेच्छा से इस्लाम कबूल नहीं किया है, परंतु यह शो टीवी के दर्शकों को कुछ नया और अलग दिखाने की ललक में तैयार किया गया, भले ही इससे एक निहायत व्यक्तिगत तथा आध्यात्मिक प्रक्रिया को सार्वजनिक बना दिया गया।

संपादकीय के मुताबिक इस शो के साथ सबसे ज्यादा परेशान करने वाली बात यह है कि चैनल ने संभवत: एक बार भी यह नहीं सोचा कि इससे देश में बसे अल्पसंख्यकों (हिन्दुओं) को क्या संदेश जाएगा। जिस उत्साह और प्रसन्नता के साथ इस धर्मांतरण को दर्शकों ने सराहा, उससे यह स्पष्ट संकेत गया कि पाकिस्तान में इस्लाम की तुलना में दूसरों धर्मों को बराबरी का दर्जा हासिल नहीं है।

समाचारपत्र ने इस बात पर अफसोस जाहिर करते हुए लिखा है कि जिस देश में अल्पसंख्यकों से कई मामलों में पहले ही दोयम दर्जे के नागरिकों जैसा बर्ताव किया जाता है, इस घटना के बाद वे देश की मुख्यधारा से और भी दूर हो जाएंगे। अखबार के मुताबिक पाकिस्तानी मीडिया की समस्या यह है कि उनके पास जिम्मेदारी का कोई एहसास नहीं बचा है और वे किसी भी चीज को सनसनीखेज बनाने के लिए नैतिक मूल्यों और उसके औचित्य के बारे में सोचना ही बंद कर चुके हैं। मीडिया यह भी नहीं सोचता कि इनकी किस खबर से देशवासियों को क्या संदेश जाएगा।

मुंबई में बाल ठाकरे की मौत की अफवाह

मुंबई: मुंबई में शिवसेना प्रमुख बाल ठाकरे की मौत की अफवाह फैली हुई है। शहर के विभिन्न इलाकों में गुरुवार शाम से यह अफवाह फैलने लगी। शिवसेना की ओर से इन अफवाहों का खंडन किए जाने के बावजूद शुक्रवार को दिन भर आम लोगों के बीच यह अफवाह चलती रही।


गौरतलब है कि बाल ठाकरे पिछले कुछ दिनों से अस्पताल में भर्ती हैं। हालांकि औपचारिक तौर पर उनकी हालत स्थिर बताई जा रही है। बाल ठाकरे को सांस लेने में तकलीफ होने पर सोमवार को अस्पताल में भर्ती कराया गया था। डॉक्टरों के मुताबिक उनकी हालत स्थिर है और उन्हें अभी तीन-चार दिन अस्पताल में बिताने होंगे।

शिवसेना के मुखपत्र सामना में इन अफवाहों का खंडन भी किया गया है। इसके बावजूद अफवाहें रुकने का नाम नहीं ले रहीं। मगर, सूत्रों के मुताबिक राजनीतिक हलकों में इस अफवाह ने बेचैनी ला दी है। पिछले दो दिनों में बीजेपी नेता गोपीनाथ मुंडे, एनसीपी नेता बसंत डावखरे सहित जितने भी लोग ठाकरे का हालचाल पूछने अस्पताल गए वे ठाकरे से मिल नहीं पाए। उन्हें बताया गया कि ठाकरे आराम कर रहे हैं। इस वजह से अफवाहों को और जोर मिल रहा है।

गुरुवार, 26 जुलाई 2012

राष्‍ट्रपति प्रणब की सेक्रेटरी बनी ओमिता पॉल



दिल्ली। देश के नवनियुक्त 13वें राष्ट्रपति प्रणब मुखर्जी की नई सचिव अब ओमिता पॉल होंगी। उनकी नियुक्त को केंद्रीय कैबिनेट की नियुक्ति संबंधी समिति ने हरी झंड़ी दे दी है। ओमिता भारतीय सूचना सेवा (आईआईएस) की 1973 बैच की रिटायर्ड अधिकारी हैं। कैबिनेट की नियुक्ति समिति द्वारा दी गई मंजूरी के मुताबिक उन्हें सेक्रेटरी स्तर की सभी सुविधाएं और वेतन मिलेगा। यह नियुक्ति अनुबंध के आधार पर की गई है।
अब ओमिता राष्ट्रपति के प्रसादपर्यंत अपने पद पर बनी रहेंगी। आपको बता दें कि ओमिता पाल प्रणब मुखर्जी की आज की ही सेक्रेटरी नहीं है। वह लंबे समय तक प्रणब की सेक्रेटरी रह चुकी हैं। प्रणब जब प्लानिंग कमीशन में थे तब भी पाल ही उनकी सचिव थी। 1990 के दशक में भी जब प्रणब कामर्स और एस्सटर्नल अफेयर्स में थे तभी भी ओमिता ही उनकी सचिव की जिम्मेदारी निभा रही थीं। रक्षा मंत्री बतौर प्रणब की तैनाती के समय भी ओमिता प्रणब के साथ थी। ओमिता और काफी सूझ बूझ वाला माना जाता है और कहा जाता है कि प्रणब को वह अच्छी तरह से समझती हैं कि प्रणब किसी बात को किस प्रकार से लेते हैं।

ग्रीनलैंड में बर्फ पिघली, 50 साल के भीतर डूब सकते हैं अंडमान निकोबार

दिल्ली। सारी दुनिया के लिए खतरनाक खबर है उत्तरी ध्रुव के सबसे नजदीकी भूखंड ग्रीनलैंड का लगभग पूरा हिस्सा पिघल गया है। इससे आशंका है कि समुद्र का जलस्तर न बढ़ जाए। इस खबर से मालदीव में दहशत फैल गई है। समुद्र का जल स्तर बढ़ा तो सबसे पहले मालदीव ही दुनिया के नक्शे से खत्म होगा। भारत में मुंबई ही नहीं, कोलकाता और बांग्लादेश में ढाका के तटीय इलाकों में भारी तबाही होगी। लेकिन अब तो लग रहा है कि यह सब 50 साल के अंदर ही होने वाला है।


ग्रीनलैंड डेनमार्क के अधीन एक स्वायत्त देश है। यह आर्कटिक और अटलांटिक महासागर के बीच कनाडा आर्कटिक द्वीप समूह के पूर्व में स्थित है। 1979 में डेनमार्क ने ग्रीनलैंड को स्वशासन दे दिया। इसके साथ ही डैनिश शाही सरकार केवल विदेशी मामलों, सुरक्षा और आर्थिक नीति तक ही सीमित रह गई। ग्रीनलैंड क्षेत्रफल के हिसाब से दुनिया का सबसे बड़ा द्वीप है, जो अपने आप में एक महाद्वीप नहीं है। यहां नाममात्र के लोग रहते हैं।

अमेरिकी अंतरिक्ष एजेंसी नासा के सोन न्गीम में कहा कि ग्रीनलैंड पर बर्फ की परत को नापने के लिए तीन सैटेलाइटों से डाटा लिए गए और इनसे पता चला कि बर्फ की परत का 97 प्रतिशत मध्य जुलाई के दौरान पिघल गया। यह नतीजे भारतीय स्पेस एजेंसी इसरो के ओशनसैट उपग्रह से लिए गए थे। ग्रीनलैंड के सैटेलाइट मानचित्रों से पता चला कि आठ जुलाई तक बर्फीली परत का 40 प्रतिशत हिस्सा गायब हो चुका था और कुछ ही दिनों बाद 97 प्रतिशत बर्फ की परत पानी में बदल गई।

वैज्ञानिकों को डर है कि ग्रीनलैंड में इतने बर्फ के पिघलने से समुद्री जलस्तर बढ़ जाएगा। हालांकि 1889 में ऐसा हुआ था और इसके बाद 2012 में जाकर ऐसा हुआ है। इससे पहले साल 2010 में 250 वर्ग किलोमीटर क्षेत्रफल का एक हिमशैल इसी ग्लेशियर से टूटकर अलग हो गया था। वैज्ञानिकों का कहना है गर्म तापमान की वजह है ग्रीनलैंड की बर्फ लगातार कम होती जा रही है। ग्रीनलैंड में बर्फ पिघलने की खबर से मालदीव में दहशत फैल गई है।

वैज्ञानिकों ने हाल ही में कहा था कि 2100 तक वॉर्मिंग की वजह से समुद्र का लेवल करीब 1.4 मीटर बढ़ जाएगा। जो अऩुमान से दोगुना ज्यादा है। इस खबर के बाद तो लग रहा है कि यह सब 50 सालों में हो जाएगा। साइंटिफिक कमिटी ऑन ऐंटार्कटिक रिसर्च की मानें तो सौ साल में हिंदमहासागर में स्थित द्वीप देश मालदीव और प्रशांत महासागर में स्थित तुवालू द्वीप तो पूरी तरह डूब जाएंगे।

वैज्ञानिकों ने सभी देशों के तटीय शहरों के प्रति चिंता व्‍यक्‍त की है। भारत में इसके प्रभाव को देखें तो मुंबई ही नहीं, कोलकाता, मैंगलोर, गोवा, आदि और बांग्लादेश में ढाका के तटीय इलाकों में भारी तबाही होगी। इससे भी बड़ा खतरा अंडमान निकोबार द्वीप समूह और मालद्वीव तो पूरी तरह डूब जायेंगे। पहले ऐसा अनुमान था कि यह सब 100 साल बाद होगा, लेकिन अब तो लग रहा है कि यह सब 50 साल के अंदर ही होने वाला है।



मोदी का गोधरा बाद दंगों पर माफी मांगने से इंकार



गुजरात के मुख्यमंत्री नरेन्द्र मोदी ने 2002 के गोधरा बाद दंगों के लिए माफी मांगने से इंकार किया और कहा कि अगर वह दोषी पाए जाते हैं तो उन्हें फांसी कबूलना मंजूर होगा। उर्दू सप्ताहिक नई दुनिया को साक्षात्कार में मोदी ने कहा कि मैंने उस समय जो कुछ कहा कि उसकी आप जांच परख कर लें। 2004 में एक साक्षात्कार में मैंने कहा था कि मैं क्यों माफी मांगू। अगर मेरी सरकार ने ऐसा किया है तब मुझे सार्वजनिक तौर पर फांसी पर लटका दिया जाए ताकि अगले 100 वर्षों में कोई भी ऐसा करने का साहस नहीं कर सके।

पूर्व सांसद और अब समाजवादी पार्टी के सदस्य शाहिद सिद्दिकी की ओर से संपादित साक्षात्कार में हालांकि मोदी ने उन बातों को भी दोहराया जो पहले कही जा चुकी थी।
यह पूछे जाने पर कि क्या वह 2002 के गोधरा बाद साक्षात्कार के लिए माफी मांगने को तैयार हैं जैसा कि 1984 के सिख दंगों के संदभ में सोनिया गांधी और मनमोहन सिंह ने किया।

सिद्दिकी ने कहा कि मोदी से उन्होंने खुलकर बातचीत की। सिद्दिकी ने कहा कि उन्होंने साक्षात्कार से पहले मुख्यमंत्री कार्यालय से कहा था कि उन्हें 2002 दंगों के जुड़े सभी प्रश्न पूछने दिया जाए। सिद्दिकी ने कहा कि मोदी से साक्षात्कार करने का इरादा तब आया जब सलिम साहब (सलमान खान के पिता) ने उन्हें सुझाव दिया कि बातचीत का रास्ता हमेशा खुला रहना चाहिए।

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मनीष सिसोदिया की तबीयत बिगड़ी, केजरीवाल को भी थकान



नई दिल्ली।राजधानी दिल्ली के जंतर-मंतर पर आमरण अनशन पर बैठे टीम अन्ना के अहम सदस्य अरविंद केजरीवाल और मनीष सिसोदिया की हालत बिगड़ती जा रही है। मनीष और अरविंद दोनों की डायबिटीज के मरीज हैं। आज मनीष का शुगर लेवल गिरकर 53 तक पहुंच गया है जो कि खतरनाक स्तर है। केजरीवाल का शुगर लेवल भी गिरकर 96 पहुंच गया है।

गौरतलब है कि जंतर मंतर पर अरविंद केजरीवाल, मनीष सिसोदिया और गोपाल राय आमरण अनशन पर बैठे हैं। इनमें से अरविंद और मनीष सिसोदिया डायबिटीज के मरीज हैं। डायबिटीज मरीज के लिए जरूरी है कि वो कुछ-कुछ देर के अंतराल में कुछ खाता रहे लेकिन कल से अनशन पर रहने के चलते इनका शुगर लेवल काफी गिर गया है। दूसरी ओर जब केंद्रीय कानून मंत्री सलमान खुर्शीद से इस बारे में पूछा गया तो उनका कहना था कि सरकार डायबिटीज का इलाज नहीं करती। वो अपना काम कर रही है। अरविंद केजरीवाल का शुगर लेवल कल रात 155 था, सुबह बुलंदशहर में होने के चलते उन्होंने शुगर चेक नहीं कराई लेकिन शाम को उनका शुगर लेवल 93 आया। वे थकान महसूस कर रहे हैं और अनशन स्थल पर ही बने कमरे में लेटे हुए हैं।

अन्ना मंच पर, भीड़ गायब!
भ्रष्टाचार के खिलाफ टीम अन्ना के अनिश्चितकालीन अनशन के दूसरे दिन गुरुवार सुबह जंतर-मंतर परिसर में कोई खास भीड़ नहीं जुटी। सुबह तो आंदोलन के नेता भी कम ही नजर आए। दिल्ली के जंतर-मंतर पर टीम अन्ना के अनशन का आज दूसरा दिन है। अन्ना हजारे के नेतृत्व में यह अनशन कल शुरू हुआ था।

यूपी: 50 हजार सरकारी नौकरियां जल्द

उत्तर प्रदेश के सरकारी विभागों में लगी नियुक्तियों पर रोक हटने जा रही है। इसके लिए विभागवार रिक्तियों का आंकड़ा जुटने लगा है। पुलिस महकमे में ही पच्चीस हजार कांस्टेबिल भर्ती होंगे। राजस्व विभाग में भी दस हजार नियुक्तियों को कवायद की जा रही है। इनके अलावा ग्राम्य विकास, चकबंदी, आपूर्ति, कृषि, वन, गन्ना और सिंचाई विभाग में नियुक्ति की कवायद शुरू होगी।

इस समय कोई विभाग ही ऐसा होगा जहां मानक के मुताबिक कर्मचारियों की तैनाती हो। एक अधिकारी पर कई कई जिलों के चार्ज हैं। जहां दस क्लर्क होने चाहिए वहां तीन से काम चलाया जा रहा है। स्थिति यह है कि स्टाफ की कमी के चलते सरकारी योजनाओं का क्रियान्वयन भी ठीक से नहीं हो पा रहा। मृतक आश्रितों के कोटे में होने वाली भर्ती भी नई सरकार में बंद थी।

अब राजस्व परिषद द्वारा जुटाए जा रहे आंकड़ों से साफ है कि नौकरियों पर लगा ब्रेक हटने जा रहा है। राजस्व परिषद के अध्यक्ष ने प्रदेश के सभी जिलाधिकारियों को पत्र भेजकर कहा है कि वह अपने यहां खाली पदों की स्थिति पर रिपोर्ट दें। बताया जाता है कि प्रदेश सरकार ने सभी विभागों में नियुक्तियों पर रोक लगा दी थी। पिछली सरकार में जो भर्तियां निकाली भी गईं थीं उन पर भी तत्काल प्रभाव से रोक लगा दी गई, लेकिन अब सरकार ने नौकरियों पर लगा ब्रेक हटाने की तैयारी शुरू कर दी है। माना जा रहा है कि विभागों में रिक्त पदों को जल्द भर दिया जाएगा। चतुर्थ श्रेणी कर्मचारियों से लेकर सेकेंड ग्रेड तक पर नियुक्ति करने की तैयारी शुरू हो रही है।


सर्वाधिक रिक्तियों वाले विभाग

कृषि विभाग
आपूर्ति विभाग
वन विभाग
राजस्व विभाग
ग्राम्य विकास
पुलिस महकमा
नगर निकाय
मत्स्य विभाग
गन्ना विभाग
सिंचाई महकमा
आबकारी
कारागार

राहुल गांधी को लोकसभा का नेता बनाने की मांग




कांग्रेस पार्टी में राहुल गांधी को बड़ी जिम्मेदारी देने की कोशिशें तेज हो गई हैं। पार्टी के करीब 10 सांसदों ने इस बारे में यूपीए अध्यक्ष सोनिया गांधी को पत्र लिखा है। गौरतलब है कि राहुल गांधी को सरकार में बड़ी जिम्मेदारी सौपने की सुगबुगाहट काफी दिनों से चल रही है। अब पार्टी के करीब 10 सांसदों ने सोनिया गांधी को पत्र लिखकर राहुल को लोकसभा का नेता बनाए जाने की मांग की है। इस मामले में सोनिया गांधी का कोई बयान नहीं आया है।

अराजक तत्वों ने मायावती की मूर्ति तोड़ी, तीन हिरासत में



लखनऊ।। लखनऊ के गोमतीनगर स्थित आंबेडकर पार्क में कुछ बाइक सवार युवकों ने वहां लगाई गई मायावती की संगमरमर की मूर्ति को तोड़ दिया। युवकों ने हथौड़े से मूर्ति का सिर धड़ से अलग कर दिया और हाथ भी तोड़ डाले। मायावती की मूर्ति पर पहली बार इस तरह से हमला बोला गया है।

बीएसपी नेता स्वामी प्रसाद मौर्य ने मायावती की मूर्ति पर हमले पर आक्रोश जताया। उन्होंने कहा इसे समाजवादी पार्टी की साजिश बताते हुए कहा कि अगर आज ही मूर्ति को ठीक नहीं किया गया, तो सरकार को को इसका गंभीर परिणाम भुगतना पड़ेगा। उधर समाजवादी पार्टी, बीजेपी और कांग्रेस ने इस घटना की निंदा की है।

जानकारी के मुताबिक गुरुवार को करीब डेढ़ बजे कुछ युवक बाइक पर सवार होकर आए। आंबेडकर पार्क की देखरेख के लिए तैनात विशेष वाहिनी के कर्मचारियों को छकाते हुए वे मूर्ति के पास पहुंच गए। उन्होंने हथौड़े से मायावती की सफेद संगमरमर की मूर्ति पर वार कर उसके सिर को गिरा दिया। मूर्ति के हाथों को भी क्षतिग्रस्त कर दिया गया।

युवक मौके पर कुछ पर्चे छोड़कर फरार हो गए। पर्चों में उत्तर प्रदेश नवनिर्माण सेना का जिक्र है और मायावती पर कई घोटाले करने का आरोप लगाया गया है। पुलिस मामले की जांच कर रही है। मूर्ति तोड़ने वाले युवकों का अभी तक पता नहीं चल पाया है।

उत्तर प्रदेश नवनिर्माण सेना ने ली जिम्मेदारी
मूर्ति को तोड़ने की जिम्मेदारी उत्तर प्रदेश न‌वनिर्माण सेना नाम के एक संगठन ने ली है। इस संगठन ने गुरुवार को एक प्रेस वार्ता की और कहा, "जो काम उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने नहीं किया, उस काम को हम अंजाम देंगे।"

भारी पुलिस बल तैनात
पुलिस ने मौके से एक हथौड़ा और एक बैग बरामद किया है। वहीं बसपा कार्यकर्ताओं ने क्षतिग्रस्त मूर्ति को नीले रंग के कपड़े से ढक दिया है। शहर में तनाव की स्थिति से बचने के लिए पार्क के आस-पास बड़ी संख्या में पुलिस बल तैनात कर दिया गया है।

दोबारा बनवाएंगे मूर्ति: अखिलेश
मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने घटना की निंदा करते हुए कहा कि इस मामले के दोषियों को बख्‍शा नहीं जाएगा। उन्होंने क्षतिग्रस्त मूर्ति को दोबारा बनवाने की बात कही। वहीं, बसपा नेता विजय बहादुर सिंह ने इस घटना की जांच की मांग की है। कांग्रेस के वरिष्ठ नेता प्रमोद तिवारी ने भी घटना पर अफसोस जताया।

बुधवार, 25 जुलाई 2012

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सफारी को बनाया रैंज रोवर इवोक


रैंज रोवर इवोक दुनिया की सड़कों पर शानदार फर्राटा भरने वाली एक बेहतरीन एसयूवी है। सन् 2008 में देश की सबसे बड़ी वाहन निर्माता कंपनी टाटा मोटर्स ने ब्रिटिश कार निर्माता कंपनी जगुआर लैंडरोवर का अधिग्रहण किया था। उसके बाद टाटा मोटर्स ने लैंडरोवर ब्रांड के अंतर्गत रैंज रोवर इवोक एसयूवी को बाजार में पेश किया था। इस एसयूवी को इस हद तक पसंद किया गया कि अभी भी रैंज रोवर इवोक की वेटिंग लिस्ट जस की तस है। लेकिन एक भारतीय डिजायनर से टाटा मोटर्स की लोकप्रिय एसयूवी टाटा सफारी को रैंज रोवर का रूप दे दिया है। इस नई एसयूवी का नाम मून रोवर रखा गया है। आपको बता दें कि देखने में बिलकुल रैंज रोवर का लुक देने वाली इस बेहतरीन एसयूवी का निर्माण दिल्ली के एक कार टनर बिग डैडी कस्टम्स ने किया है। यह एसयूवी के केवल देखने में रैंज रोवर की तरह है, लेकिन कई मामलों में यह उससे बेहद ही अलग है। बिग डैडी कस्टम्स ने इस नई रैंज रोवर का निर्माण कर इसे सोशल नेटवर्किं ग साइट फेसबुक पर प्रदर्शित किया है। बिग डैडी कस्टम्स ने मून रोवर के बारे में बताया कि इसे बनाने में लगभग 2.5 लाख रुपये के खर्च आता है। इसके अलावा इसके निर्माण में कुल 3 से 4 माह तक का समय लगता है। मून रोवर में कंपनी ने फ्रंट बम्फर, शानदार हेडलाइट, ड्यूअल एग्जॉस्ट, डोर सहित कई फीचर्स में परिवर्तन कर इसे पेश किया है। आपको बता दे कि रैंज रोवर इवोक की शुरुआती कीमत 52 लाख रुपये से लेकर 70 लाख रुपये तक है। ऊंची कीमत के कारण बहुत से लोग इस एसयूवी को खरीदने में सक्षम होते हैं, लेकिन यदि आप भी कम कीमत में रैंज रोवर इवोक का अनुभव लेना चाहते हैं, तो मून रोवर आपके लिए बेहतर विकल्प है। हालांकि इंजन क्षमता आदि तो इसकी सफारी ही है, लेकिन अन्य फीचर्स इसे काफी शानदार बना देते हैं। गौरतलब हो कि इस समय भारतीय बजार में टाटा सफारी की कीमत 9 लाख रुपये से लेकर 15 लाख रुपये तक है। इसके अलावा बिग डैडी कस्टम्स सफारी को मूनरोवर लगभग 2.5 लाख रुपये में बना देता है। तो आपको रैंज रोवर का मजा लेने के लिए 70 लाख रुपये नहीं, बल्कि 13 से 18 लाख रुपये ही खर्च करने पडेंग़े।


फिएट पेश करेगा बेहतरीन एसयूवी
भारतीय बाजार में एसयूवी वाहनों की मांग दिन-प्रतिदिन बढ़ती ही जा रही है। लोगों को वाहन के अंदर ज्यादा जगह और बड़ा आकार काफी आकर्षित कर रहा है। शायद यही कारण है कि वाहन निर्माता कंपनियां भी ग्राहकों के टेस्ट के अनुसार आये दिन एक से बढ़कर एक शानदार एसयूवी और एमपीवी वाहनों को पेश कर रही है। इसी क्रम में इटली की प्रमुख वाहन निर्माता कंपनी फिएट भी जल्द ही भारतीय सड़क पर एक बेहतरी एसयूवी को उतारने की सोच रही है। फिएट भारतीय बाजार में एक अर्से से फर्राटा भर रही है, लेकिन फिएट को अभी तक देश में कुछ सफलता हासिल नहीं हुई है। हाल ही में फिएट अपने सहयोगी टाटा मोटर्स से भी अलग हो गई है। आपको बता दें कि फिएट का भारतीय कार बाजार में लगभग 0.5 प्रतिशत तक की हिस्सेदारी है, जो कि अन्य कार निर्माताओं के मुकाबले बहुत ही कम है। अब फिएट देश की सड़क पर एसयूवी वाहन उतारकर रफ्तार पकडऩे की सोच रही है। यदि फिएट की एसयूवी योजन की बात करें, तो कंपनी 500 एक्स को देश की सड़क पर उतार सकती है। इस एसयूवी में कंपनी 1.2 लीटर की क्षमता का इंजन प्रयोग करेगी। गौरतलब हो कि फिएट भारतीय ग्राहकों के टेस्ट को ध्यान में रखकर इस एसयूवी को सड़क पर उतारेगी। गौरतलब हो कि भारतीय बाजार में 1.2 लीटर की क्षमता का इंजन सबसे बेहतर माना जाता है और यह खासी लोकप्रिय भी है। इसके अलावा फिएट की एक और बेहतरी एसयूवी क्यूबो भी मौजूद है, जो अभी कॉन्सेप्ट संस्करण है और कंपनी इस पर तेजी से काम कर रही है। प्राप्त जानकारी के अनुसार फिएट भारतीय बाजार में अपने इस नये एसयूवी को आगामी वर्ष 2013 तक बाजार में उतार सकती है। फिएट हाल ही में टाटा मोटर्स से अलग हुई है। अभी तक फिएट देश भर में टाटा मोटर्स के शोरूम में अपने वाहनों की बिक्री कर रही थी। अब फिएट अलग हो चुकी है और कंपनी जल्द से जल्द देश भर में लगभग 100 नये शोरूम शुरू करने की योजना बना रही है।

इसुजू मोटर्स का चैलेंज
टाटा मोटर्स और महिंद्रा एंड महिंद्रा को स्मॉल कमशिर्यल वीइकल एंड मल्टी यूटिलिटी वीइकल सेगमेंट में इसुजू मोटर्स चैलेंज करने जा रही है। 17.1 अरब डॉलर की जापानी ऑटो कंपनी भारत में ग्रीनफील्ड प्लांट लगाने की योजना बना रही है। इस प्लांट के लिए कंपनी 1,000 करोड़ रुपए से ज्यादा का इनवेस्टमेंट करेगी। इसुजू की इंडियन प्रॉजेक्ट टीम ने इस महीने की शुरुआत में आंध्र प्रदेश सरकार के अफसरों से भेंट की थी। टीम अब तमिलनाडु और गुजरात सरकार के अफसरों से मिलेगी। ये मुलाकातें नए प्लांट की जमीन तलाशने के लिए हो रही हैं। इस प्लांट की प्रॉडक्शन कैपेसिटी 1,00,000-1,20,000 यूनिट हो सकती है। कंपनी इसे 2014-15 से शुरू कर सकती है। इस मामले में इसुजू मोटर को भेजी गई ई-मेल का जवाब नहीं मिला। अभी स्मॉल ट्रक सेगमेंट में भारतीय कं पनियों का राज है। यह मार्केट सालाना 20 फीसदी की रफ्तार से बढ़ रहा है।आंध्र प्रदेश सरकार के अफसरों ने यह बात मानी है कि इसुजू ने नेल्लौर में नया प्लांट लगाने में दिलचस्पी दिखाई है। यह इलाका तमिलनाडु के चेन्नई एयरपोर्ट से बहुत करीब है। आंध्र प्रदेश सरकार के प्रिंसिपल सेक्रेटरी (इंडस्ट्रीज) के प्रदीप चंद ने कहा, इसुजू की यहां प्लांट लगाने में दिलचस्पी है। वह कार से लेकर एलसीवी प्रॉडक्ट्स तक बनाती है। हमें अभी यह नहीं पता है कि कंपनी किस मॉडल के लिए राज्य में मैन्युफैक्चरिंग यूनिट लगाना चाहती है। भारत में प्लांट शुरू करने के लिए कंपनी ने पहले ही इंडियन इकाई- इसुजू मोटर्स इंडिया प्राइवेट लिमिटेड शुरू कर दी है। अगस्त से इसका ऑफिस चेन्नई में होगा। मैन्युफैक्चरिंग ऑपरेशंस शुरू करने से पहले इसुजू भारत में ट्रक असेंबल और डिस्ट्रिब्यूट करेगी। अभी कंपनी की योजना कंप्लीटली बिल्ड यूनिट और एमयू7 जैसे बड़े एसयूवी और डीएमएएक्स जैसे लाइफस्टाइल पिकअप ट्रक को थाईलैंड से इंपोर्ट करने की है। साउथ एशियाई मार्केट में इन ट्रकों की सेल्स 2012 के अंत तक शुरू होगी। इसुजू ने पहले साल के लिए 1,500 यूनिट का सेल्स टारगेट रखा है।

अब अपलोड करो बिंदास!
अगर आप यूट्यूब पर सिर्फ इसलिए वीडियो अपलोड करने से कतराते हैं कि इससे उसमें नजर आने वाले लोगों की पहचान जाहिर होती है, तो अब प्रॉब्लम खत्म समझिए। यूट्यूब ने आपके लिए वीडियो में नजर आने वाले फेस ब्लर करने की नई फैसिलिटी अनाउंस की है। आपको यूट्यूब पर वीडियो अपलोड करना बेहद पसंद है, लेकिन कई बार कुछ अपलोड करते वक्त आप सोच में पड़ जाते हैं। दरअसल, कई वीडियोज इतने सेंसिटिव होते हैं कि उन्हें सीधे-सीधे अपलोड करना आपको अजीब लगता है। लेकिन अब शायद आपको सोचने की जरूरत नहीं पड़ेगी। यूट्यूब ने अपने यूजर्स के लिए एक स्पेशल फैसिलिटी अनाउंस की है। इसके तहत अगर आप किसी सेंसिटिव वीडियो में नजर आने वालों की पहचान छिपाना चाहते हैं, तो आप उनके फेस ब्लर कर सकते हैं। यूट्यूब ने अपने ब्लॉग पर जानकारी दी है कि ऐसी पहली कंपनी है, जिसने अपने यूजर्स को फेस ब्लर करने की फैसिलिटी दी है। इस तरह यूट्यूब उन एक्टिविस्टों और पीडि़तों की मदद करना चाहता है, जो अपनी पहचान जाहिर होने से बचाने के लिए वीडियो अपलोड ही नहीं करते।

बड़े काम की चीज
अब आप चाहें तो किसी प्रोटेस्ट की वीडियो एक्टिविस्ट का फेस ब्लर करके अपलोड कर सकते हैं या फिर किसी महिला के साथ हुई छेडख़ानी की वीडियो को भी उसकी आइडेंटिटी शो किए बिना अपलोड कर सकते हैं। गौरतलब है कि अभी तक महिलाएं अपने साथ हुए किसी गलत काम की वीडियो की अपलोड करने से कतराती थीं, क्योंकि वे अपनी पहचान नहीं जाहिर करना चाहती थीं। लेकिन अब उन्हें इसमें कोई प्रॉब्लम नहीं आएगी और वे अपनी आइडेंटिटी छिपाकर भी अपनी कहानी दुनिया को बता सकेंगी।

ऐसे करें ब्लर फेस
वीडियो में नजर आने वाले लोगों के फेस ब्लर करना बेहद आसान है। इसके लिए आपको उस वीडियो को सिलेक्ट करना होगा, जिसे आप ब्लर करना चाहते हैं। उसके बाद आपको एडिट ऑप्शन के एडिशन फीचर्स ऑप्शन पर जाकर अप्लाई का बटन दबाना होगा। इस तरह उस वीडियो में नजर आ रहे सभी फेस ब्लर हो जाएंगे। वीडियो को पब्लिश करने से पहले आपको ब्लर वीडियो का एक प्रीव्यू दिखाया जाएगा, ताकि गलती से कोई फेस छूट ना जाए। अगर आप इसे सेव कर देंगे, तो ब्लर फेस वाला एक नया वीडियो तैयार हो जाएगा। इसके बाद आप पुराने वीडियो को डिलीट भी कर सकते हैं। तो फिर देर किस बात की, अभी ट्राई करके देखिए!

आल्टो को टक्कर देगी डटसन
जापान की अग्रणी वाहन निर्माता कंपनी निसान जल्द ही भारत में 4 लाख से कम कीमत की कार डटसन उतारने की तैयारी में है। कंपनी इसे 1981 के बाद रि-लांच कर रही है। निसान डटसन का निर्माण अशोक लेलैंड के साथ मिलकर कर रही है। इस कार के दम पर निसान का इरादा मारुति की आल्टो और हुंडइ की इऑन को कड़ी टक्कर देने का है। डटसन बिजनेस के प्रोग्राम डायरेक्टर अश्विनी गुप्ता ने बताया कि कार की कीमत चार लाख रुपये से कम होगी। कंपनी अपने इस मॉडल को भारतीय बाजार में लांच करने के साथ ही रूस और इंडोनेशिया में भी उतारेगी। इस कार का डिजाइन जापान में तैयार कर लिया गया है। कार का अन्य निर्माण कंपनी के चेन्नई स्थित संयंत्र में किया जाएगा। निसान ने करीब 30 साल बाद डटसन को नए रंग और रूप में फिर से लांच करने की योजना बनाई है। अभी कार के इंजन और फीचर्स के बारे में जानकारी नहीं दी गई है। गौरतलब है कि अभी निसान छोटी कार के तौर पर भारत में माइक्रा के पेट्रोल और डीजल वर्जन को बेचती है। इसी तरह टाटा मोटर्स भी चीन की कंपनी चेरी के साथ मिलकर सस्ती गाडिय़ां उतारने की तैयारी में है।

बजाज : 100 सीसी की नई बाइक जल्द
भारतीय बाजार में बाइक सेग्मेंट में 100 सीसी की बाइकों का अपना एक अलग ही क्रेज है। देश भर की सड़कों पर 100 सीसी की बाइकों ने धूम मचा रखा है और इस सेग्मेंट में सबसे आगे देश की सबसे बड़ी दोपहिया वाहन निर्माता कंपनी हीरो है। लेकिन अब देश की दूसरी सबसे बड़ी दोपहिया वाहन निर्माता कं पनी बजाज ऑटो हीरो मोटो को टक्कर देने के लिए 100 सीसी की क्षमता की एक और शानदार बाइक को पेश करने जा रही है। आपको बता दें कि बजाज ऑटो की यह तीसरी 100 सीसी की बाइक होगी जो कि बाजार में पेश की जायेगी। इस समय भारतीय बाजार में बजाज ऑटो की 100 सीसी सेग्मेंट में बजाज डिस्कवर जिसे हाल ही में पेश किया गया है और प्लेटिना मौजूद है। इसके अलावा बजाज अपने बाक्सर के रेंज में इजाफा करते हुए बाक्सर 100 सीसी को पेश करने जा रहा है। इस नई बाइक में कंपनी तकनीकी फेरबदल कर इसका माइलेज और भी बेहतर करेगी। प्राप्त जानकारी के अनुसार कंपनी अपनी इस नई बाइक को अक्टूबर से नवंबर के बीच में पेश कर सकता है। हालांकि कंपनी ने अभी इस बाइक की कीमत आदि के बारे में कोई जानकारी साझा नहीं की है, लेकिन उम्मीद की जा रही है बजाज की इस नई बाइक की कीमत 40,000 रुपये के आस-पास होगी। हाल ही में बजाज ऑटो ने देश की सड़क पर 150 सीसी की क्षमता की बॉक्सर को पेश किया था। कंपनी इसी प्लेटफार्म पर नई बॉक्सर बीएम100 का निर्माण कर रही है। कुछ दिनों पूर्व कंपनी ने इस बाइक का परीक्षण भी किया है। इस बाइक का डिजाइन आदि मौजूदा बॉक्सर की ही तरह होगा, लेकिन वजन कम होगा। इसके अलावा कम इंजन क्षमता होने के कारण यह बाइक बेहतर माइलेज प्रदान करेगी। भारतीय बाजार में पेट्रोल की कीमत में आ रहे लगातार उछाल को देखते हुए यह बाइक एक बेहतर विकल्प हो सकती है।


केटीएम की शानदार सुपरबाइक
भारतीय बाजार में हाल ही में अपनी शानदार स्पोर्ट बाइक ड्यूक को उतारने वाली आस्ट्रिया की प्रमुख वाहन निर्माता कंपनी केटीएम भारतीय सड़क पर अपने वाहनों के शानदार रेंज को जल्द ही पेश करेगा। देश की दूसरी सबसे बड़ी दोपहिया वाहन निर्माता कंपनी बजाज ऑटो ने इस ब्रांड को देश में लॉन्च किया था। बजाज ऑटो ने सबसे पहले केटीएम की 200 सीसी की इंजन क्षमता से लबरेज बाइक ड्यूक को पेश किया। अब बजाज ऑटो देश में केटीएम के अन्य मॉडलों को भी देश में उतारने जा रहा है। आपको बता दें कि केटीएम में 47 प्रतिशत की हिस्सेदारी बजाज ऑटो की है। इस समय दोनों ही कंपनियां देश में एक साथ काम कर रही हैं। केटीएम ड्यूक ने देश में पेश होने के बाद शानदार प्रदर्शन शुरू कर दिया है। सबसे पहले दोनों कंपनियों ने ज्वाइंट वेंचर में केटीएम ड्यूक 125 सीसी को पेश किया, जिसका निर्यात कंपनी यूरोप और जापान में कर रही है। इस बाइक का निर्माण भारत में ही किया जा रहा है। केटीएम एक बेहद ही शानदार ब्रांड है। यूरोपीय देशों में बीएमडब्लू मोटर्ड के बाद केटीएम ने ही अपना दबदबा कायम रखा है। केटीएम बजाज ऑटो की तकनीकी पार्टनर है और यह बजाज ऑटो को बेहतरीन और आधुनिक तकनीकी प्रदान करती है। हाल ही में बजाज ऑटो ने देश की सड़क पर अपनी शानदार स्पोर्ट बाइक पल्सर के नये अवतार 200 एनएस को पेश किया है, जिसमें केटीएम का शानदार इंजन प्रयोग किया गया है। इस समय दोनों कंपनियां 125 सीसी की क्षमता से लेकर 375 सीसी की क्षमता तक की बाइकों के प्रोजेक्ट पर काम कर रही हैं। जल्द ही भारतीय बाजार में बजाज ऑटो हैवी सीसी सेग्मेंट में केटीएम की और भी बाइके पेश की जायेंगी। बजाज ऑटो के मोटरसाइकिल बिजनेस के प्रेसिडेंट के श्रीनिवास ने बताया कि केटीएम ड्यूक भारतीय बाजार में बेहतरीन प्रदर्शन कर रही है। इस बाइक को देश के युवाओं द्वारा काफी पसंद किया जा रहा है। हम जल्द ही केटीएम के और भी बेहतरीन मॉडलो को बाजार में पेश करेंगे।


वीडियोकान का टच स्क्रीन मोबाइल फोन
अगर आप सस्ते रेंज के ड्यूल सिम टच स्क्रीन मोबाइल की तलाश कर रहे हैं तो वीडियोकान का वी 1570 आपके बजट में सही बैठ सकता है। वीडियोकान ने ड्यूल सिम वाला तीन इंची टच स्क्रीन मोबाइल फोन महज 2,800 रुपये में बाजार में पेश किया है। वी 1570 की लंबाई 4.4 इंच, चौड़ाई 2.3 इंच और मोटाई 0.5 इंच (14 एमएम) है। वीडियोकान अपने इस मॉडल के साथ 4 जीबी का मेमोरी कार्ड फ्र ी दे रही है। फोन की 8 जीबी तक एक्सपेंडेबल मेमोरी है। वीडियोकान के इस फोन की स्क्रीन का रेजोल्यूशन 240&320 पिक्सल है। वी 1570 में वीडियो रिकार्डिंग युक्त 1.3 मेगापिक्ल का कैमरा है। इसके अलावा इसमें प्री लोडेड ट्विटर, फेसबुक, निम्बुज और याहू एप्लीकेशन है। इस फोन में हाई रेंज मोबाइल में इस्तेमाल होने वाली 1200 एमएएच की बैटरी लगाई गई है। कंपनी का दावा है कि इससे लगातार 7 घंटे तक बात की जा सकती है। इसमें ए2डीपी ब्लूटूथ और माइक्रो यूएसबी पोर्ट दिया गया है। इस फोन में एफएम रेडियो विद रिकार्डिंग, मोबाइल ट्रेकर, एसएमएस ब्लैक लिस्ट और अनलिमिटेड आटो काल रिकार्डिंग जैसे बेहतरीन फीचर्स भी दिये गए हैं। यह फोन बच्चों को भी खूब भाएगा, क्योंकि इसमें पुश बॉक्स, एंग्री बर्ड तथा टॉम कैट जैसे गेम भी हैं।

फिलिप्स का बॉडीग्रूमर

लाइफ स्टाइल प्रोडक्ट बनाने वाली प्रमुख कंपनी फिलिप्स इंडिया ने अपने कंज्यूमर प्रोडक्ट का विस्तार करते हुए घरेलू बाजार में पुरुषों के लिए पहला स्कीन फ्रेंडली बॉडीग्रूमर पेश किया है। कंपनी के ब्रांड एंबेसडर व बॉलीवुड अभिनेता जॉन अब्राहम ने यहां 'फिलिप्स बॉडीग्रूमÓ को लांच किया। फिलिप्स बॉडीग्रूम वाटरप्रूफ और रिचार्जेबल उत्पाद है। इसके साथ ही यह इस्तेमाल करने में भी आसान है। पर्सनल केयर प्रोडक्ट को लेकर कंपनी का फोकस फिलहाल टीयर- 1 व टीयर- 2 के शहरों पर हैं। फिलिप्स लाइफ स्टाइल पर्सनल केयर की निदेशक (मार्केटिंग) आरूषि अग्रवाल का कहना है कि अपने लुक, स्टाइल और बॉडी हेयर ग्रूमिंग को लेकर पुरुषों में भी जागरूकता बढ़ी है। खासकर मिडिल क्लास का रुझान भी इस ओर तेजी से बढ़ रहा है। इसे देखते हुए फिलिप्स इंडिया ने भारतीय बाजार में 'फिलिप्स बॉडीग्रूमÓ पेश किया है। इसके जरिए पुरुष शेविंग करने के साथ-साथ चेहरे को खास लुक देने और सीने, कंधे आदि जगहों से अनचाहे बालों को आसानी से हटा सकते हैं। कंपनी ने इस प्रोडक्ट को घरेलू इस्तेमाल को ध्यान में रखकर उतारा है। यह वाटरप्रूफ और रिचार्जेबल प्रोडक्ट है। इसे 12 घंटे चार्ज करने के बाद एक घंटे तक आसानी से इस्तेमाल किया जा सकता है। दो साल की गारंटी वाले इस उत्पाद की कीमत 2,495 रुपये रखी है।









हेल्थ अपडेट


आपकी हेल्थ पर नजर रखेगा फनटैब फिट
दिल्ली की कंपनी गो टेक ने बाजार में एक हेल्थ बेस्ड टैबलेट लांच किया है। कंपनी ने अपने इस टैबलेट को फनटैब फिट नाम दिया है। टैबलेट में गूगल के एंड्रायड 4.0 आइसक्रीम सेंडविच ओएस का इस्तेमाल किया गया है। इस टैबलेट में हेल्थ रिलेटिड ऐप, 1500 किताबें और 7,500 वीडियो प्री इंस्टाल्ड होंगी। फनटैब फिट की 800&480 रिज्यूलूशन पर 7 इंच की स्क्रीन है। इसमें 1 गीगा हर्टज प्रोसेसर, 512 एमबी रैम और वीजीए कैमरा दिया गया है। फनटैब में 32 तक की एक्पेंडेबल मैमोरी है। इसमें वाइ-फाइ के जरिये इंटरनेट कनेक्ट किया जा सकता है। फनटैब में वल्र्ड, एक्सल, पावर प्वाइंट, पीडीएफ और टीएक्सटी सभी प्रकार की फाइल पढ़ी जा सकती है। इसके अलावा फनटैब कई भाषाओं को सपोर्ट करता है और इसमें 3ष्ठ गेम की भी सुविधा है। गो टेक ने अपने इस टैबलेट में 3600 एमएएच की दमदार बैटरी इस्तेमाल की है। कंपनी का दावा है कि यह लगातार आठ घंटे तक काम करने में सक्षम है। बाजार में इसकी कीमत 5,999 रुपये है।


बल्ब जलाकर सोने से होगा तनाव
अगर आपको कमरे में अंधेरे में सोने की आदत नहीं है और बल्ब जला कर सोना पसंद करते हैं तो सावधान हो जाएं, क्योंकि आपकी यह आदत तनाव का कारण बन सकती है.'डेली मेलÓ की एक रिपोर्ट के मुताबिक ओहायो स्टेट विश्वविद्यालय के शोधकर्ताओं ने पाया है कि सोने के दौरान पूरी तरह से अंधेरे की गैरमौजूदगी मस्तिष्क और अवसादग्रस्तता लक्षणों में बदलाव ला सकता है। वैज्ञानिकों का मानना है कि अगर आपको टेलीविजन चलता हुआ छोड़कर सोने की आदत है, तो भी आपको सतर्क हो जाने की जरूरत है। शोध में चूहे जैसा जंतु हैमस्टर्स को चार सप्ताह के दौरान रात में मंद प्रकाश में रखा गया। प्रकाश की मात्रा अंधेरे कमरे में टीवी से निकलने वाले प्रकाश की मात्रा जितनी ही पाई गई। व्यवहार परीक्षण से पता चला कि रात में प्रकाश की मौजूदगी से हैमस्टर्स की ऊर्जा और जोश पर भी असर पड़ता है। न्यूरोसाइंटिस्ट ट्रेसी बेडासियन ने बताया कि हैमस्टर्स से मिले नतीजे उसी तरह रहे, जो हम मानवों के बारे में जानना चाहते थे।

पनीर खाएं, मधुमेह से बचें
हर रोज पनीर के दो टुकड़े खाने से मधुमेह से बचा जा सकता है। एक नये अध्ययन में यह बात कही गई है। हालांकि वर्तमान में स्वास्थ्य संबंधी दिशा निर्देशों में कहा जाता है कि दुग्ध उत्पादों का कम सेवन करना चाहिए, लेकिन इस नये अध्ययन के अनुसार नियमित रूप से चीज खाने से मधुमेह की बीमारी को होने से रोका जा सकता है। मधुमेह की बीमारी अक्सर अधिक मोटापे की वजह से होती है। डेली मेल की खबर के अनुसार ब्रिटेन और नीदरलैंड के शोधकर्ताओं ने अपने अध्ययन में पाया कि हर रोज चीज के दो टुकड़े खाने से टाइप 2 मधुमेह का खतरा 12 प्रतिशत कम हो जाता है। मधुमेह से हृदयाघात, दौरा, अंधापन, तंत्रिका समस्याएं जैसी कई बीमारियां हो सकती हैं। शोधकर्ताओं ने अपने अध्ययन में ब्रिटेन समेत आठ यूरोपीय देशों के 16,800 स्वस्थ वयस्कों और टाइप 2 मधुमेह से पीडि़त 12,400 मरीजों को शामिल किया था। अध्ययन में पाया गया कि जिन लोगों ने हर रोज कम से कम 55 ग्राम चीज खाया था लगभग दो टुकड़े उनमें टाइप 2 मधुमेह के होने की संभावना 12 प्रतिशत कम थी। इसी तरह हर रोज 55 ग्राम दही खाने वाले लोगों में भी टाइप 2 मधुमेह की संभावना इतनी ही कम पाई गई। सालों तक कहा जाता रहा है कि दुग्ध उत्पादों के अधिक सेवन से मधुमेह का खतरा बढ़ जाता है, क्योंकि इनमें संतृप्त वसा का ऊंचा स्तर होता है, जिससे कोलेस्ट्रॉल बढ़ जाता है। ज्यादा कोलेस्ट्रॉल से मधुमेह का खतरा बढ़ जाता है। ब्रिटेन आधारित शोधकर्ता डॉक्टर इयेन फ्रेम ने कहा- ''हम स्वस्थ खानपान पर जोर देते हैं, ऐसा खाना जिसमें नमक और वसा का स्तर कम हो, लेकिन इनसे बचने के लिए दुग्ध उत्पादों का कम सेवन करने की मान्यता को यह अध्ययन झुठलाता है।

कम नमक खाने से दूर रहता है पेट का कैंसर
नाश्ते में लिए जाने अनाज जैसे नमक वाले खाद्य पदार्थ में कमी करके पेट का कैंसर होने के खतरे को कम किया जा सकता है। अधिक नमक खाना केवल उसी को नहीं कहते जो कि हम मछली या चिप्स जैसे खाने की वस्तुओं पर छिड़कते हैं, अधिकतर नमक उस खाद्य पदार्थ के अंदर पहले से मौजूद होता है, जो हम खाते हैं। कैंसर की रोकथाम के तरीकों पर सलाह देने वाली ब्रिटिश धर्मार्थ संस्था डब्ल्यूसीआरएफ ने कहा कि लोगों को कम नमक का सेवन करना चाहिए तथा खाद्य पदार्थ पर उसमें इस्तेमाल सामग्री का स्पष्ट रूप से उल्लेख होना चाहिए। 'बीबीसी न्यूÓ ने बताया कि अधिक नमक रक्तचाप के लिए ठीक नहीं तथा इससे हृदय रोग और दिल का दौरा भी पड़ सकता है। इसके साथ ही इससे कैंसर भी हो सकता है।


दिन में देर तक सोना हो सकता है खतरनाक
दोपहर में सोना लगभग सभी को पसंद होता है, लेकिन सावधान एक रिपोर्ट के मुताबिक लगातार दिन में देर तक सोने वाले बुजुर्गों में यह दिमागी बीमारी (डिमेंशिया) का लक्षण हो सकता है। द टेलीग्राफ की एक रिपोर्ट के मुताबिक फ्रांस के शोधकर्ताओं ने 65 वर्ष के करीब पांच हजार लोगों पर अध्ययन करके यह पाया कि रोजाना दोपहर में देर तक सोने वाले लोगों के बुद्धिमत्ता परीक्षण में काफी कम अंक आए। वानकोउवर में आयोजित अलजाइमर संगठन की अंतरराष्ट्रीय संगोष्ठी में चिकित्सा संस्थान के क्लाउडिन बेर्र ने इन्हीं रिपोर्टों का हवाला देते हुए कहा कि इनसे स्पष्ट है कि दिन में देर तक सोना डिमेंशिया बीमारी का शुरुआती लक्षण हो सकता है। डिमेंशिया से ग्रस्त लोगों में झूलने के लक्षण चीजों को पहचान नहीं पाना। सही गलत के बीच भेद नहीं कर पाना, सोच नहीं पाना जैसे लक्षण शामिल होते हैं। अंतरराष्ट्रीय संगोष्ठी में अमेरिकी शोधकर्ताओं की ओर से पेश रिपोर्ट में भी कहा गया कि रात में नौ घंटे से अधिक या पांच घंटों से कम देर सोने वाले लोगों की मानसिक क्षमता कम पाई गई।

मिरगी के जटिल स्वरूप के कारणों की पहचान
जापान के अनुसंधानकर्ताओं का कहना है कि उन्होंने टेम्पोरल लोब इपिलेप्सी (मिरगी) के कारणों का पता लगा लिया है। यह एक तंत्रिका संबंधी भीषण स्थिति होती है और इससे दुनिया के एक प्रतिशत वयस्क प्रभावित होते हैं। संवाद समिति क्योदो की खबर के अनुसार टोक्यो विश्वविद्यालय के अनुसंधानकर्ताओं के एक दल ने कहा कि उनके अध्ययन में पाया गया कि जब कोई बच्चा जाड़े के कारण बुखार से ग्रसित होता है तो उसके मस्तिष्क में उत्तेजित करने वाला एक तंत्रीय संकेत पैदा होता है। इसी के चलते टेम्पोरल लोब इपिलेप्सी की स्थिति भी पैदा होती है। अध्ययन दल में शामिल टोक्यो विश्वविद्यालय के एसोसिएट प्रोफेसर ने कहा कि इसके निष्कर्षों से मिरगी के रोकथाम वाले उपचार का मार्ग प्रशस्त हो सकता है। मिरगी के कारण दुनिया भर के करीब एक प्रतिशत लोग प्रभावित होते हैं। जापान में माना जाता है कि करीब दस लाख लोग इससे पीडि़त हैं।


डायबिटीज में खाएं लो कैलोरी फूड
डायबिटीज में खाएं लो कैलोरी फूड। आम आदमी नहीं जानता कि ग्लाइसीमिक इंडेक्स क्या है। जीआई कहा जाने वाला यह एक ऐसा सूचकांक है, जो खाद्य पदार्थों में मौजूद कार्बोहाइड्रेट को ग्लूकोज में बदलने के आधार पर उन्हें 0-100 के बीच स्थान देता है। डॉक्टर के मुताबिक कम जीआई वाले खाने से ब्लड शुगर कम बढ़ता है। अगर कम जीआई वाले खाने को ज्यादा जीआई वाले खाने के साथ मिला कर खाया जाए तो ब्लड शुगर संतुलित रहता है। इसलिए आप बहुत सी हरी सब्जियों के साथ थोड़ा-सा चावल खा सकते हैं, मगर चावल माडऱहित हो। डॉक्टरों का मानना है कि केवल जीआई के भरोसे रहना कभी-कभी खतरनाक हो सकता है, क्योंकि आइसक्रीम का जीआई 30 है तो गाजर का कहीं ज्यादा।

डायटीशियन का कहना है कि जीआई केवल यह बताता है कि कार्बोहाइड्रेट ब्लड शुगर में कितनी जल्दी बदलेगा। अपनी प्रतिदिन की कैलरी निश्चित करना होगी और वह आपके कद व वजन के अनुसार होगी। आप जो कुछ भी खाते हैं, वह आपके शरीर में जाकर शुगर निर्मित करता है।

कुछ हिदायतें
डायबिटीज के रोगी को पेय पदार्थ ज्यादा से ज्यादा लेने चाहिए। जितना हो सके पानी पिएं। पेय पदार्थ लेने से शरीर के फालतू तत्व बाहर निकलते हैं। रेड मीट न लें। खाना सोने से दो घंटे पहले खाएं सोते समय दूध लेने से पेट खाली नहीं रहेगा, क्योंकि प्रोटीन डाइट पचने में देर लगती है।
1. करेले का जूस, रात में भिगोया मेथीदाना व जामुन मधुमेह में फायदेमंद है।
2. खाना जल्दी में न खाएं। धीरे-धीरे चबा कर अच्छी तरह खाएं।
3. भरपेट भोजन कभी न करें।
4. खाना खाते समय बातचीत न करें, न ही टीवी देखें। तनावग्रस्त होने व थके होने पर भोजन न करें, क्योंकि इस तरह की स्थिति होने पर पाचन-क्रिया ठीक ढंग से काम नहीं करती। भोजन ठीक से न पचने के कारण शुगर लेवल बढ़ जाता है।
5. कभी सब्जियां सैलेड के रूप में खाएं।
6. ये पांचफल-केला, चीकू, आम, लीची व अंगूर कम खाएं। सब्जियों में आलू-अरबी, जिमिकंद, कटहल और शकरकंदी हानिकर हैं। यदि इनमें से कुछ खाती हैं तो बाकी खाने में कैलोरी संतुलित करें।
7. रेशेदार फल व सब्जियां खाएं। खाने से पहले इन्हें लेने से इनके फाइबर खाने में मौजूद शक्कर को सोख लेते हैं।
याद रखिए ब्रेन को सुचारु रूप से काम करने के लिए जो ऊर्जा चाहिए वह ग्लूकोज से ही मिलती है और पूरे तौर पर इससे परहेज करने पर ब्रेन ठीक से काम नहीं कर पाएगा। इसलिए खाएं सबकुछ, लेकिन अनुपात में। आगे जानिए कुछ स्वादिष्ट व्यंजनों की विधियां, जिन्हें आप खा सकते हैं।

दही के कबाब
सामग्री : 100 ग्राम पानी निथारा हुआ दही, 50 ग्राम कॉटेज चीज (मैश किया हुआ), स्वादानुसार नमक, 4 ग्राम सफेद मिर्च (व्हाइट पेपर), 1 टेबल स्पून कटी हुई

हरा धनिया, स्वादानुसार हरी मिर्च बारीक कतरा हुआ, 2 टेबल स्पून ग्राम भूने चने (दरदरे), 1 टी स्पून बारीक कटी हुई अदरक, सेंकने के लिए देसी घी
विधि : 1. अदरक, हरा धनिया और हरी मिर्च को बारीक कतर लें। 2. सभी सामग्री को एक साथ मिला लें। 3. मिश्रण से छोटी-छोटी टिकिया बना लें। 4. एक नॉनस्टिक तवे पर घी डालकर गर्म करें और टिकियों को दोनों तरफ से सुनहरा करें। 5. पुदीने की चटनी के साथ गरमागरम सर्व करें।
कुल कैलोरी : 55, प्रोटीन : 4, कार्बोहाइड्रेट : 15, वसा : 9 ।

ब्रॉक्ली एंड कॉर्न मोल्ड
सामग्री : 1 टी स्पून जेलेटिन, 1 कप पानी, 1/2 कप कतरी हुई ब्रॉक्ली, स्वादानुसार नमक, 1/2 टी स्पून चिली सॉस, 1/2 टी स्पून विनेगर, स्वादानुसार काली मिर्च, डेढ़ टेबल स्पून उबला और कटा हुआ बेबी कॉर्न, ठंडे पानी में धुला हुआ एक मोल्ड
विधि : 1. एक चौथाई ताजे पानी में जेलेटिन बुरककर आधे घंटे के लिए भिगो दें। फिर इसमें आधा कप उबला हुआ पानी डालकर जेलेटिन घुलने तक मिलाएं। 2. नमक, चिली सॉस, विनेगर व काली मिर्च मिला दें। ठंडा होने के लिए छोड़ दें। जब यह ठंडा हो जाए और सेट होना शुरू हो, तब इसमें ब्रॉक्ली, नमक, काली मिर्च और कॉर्न मिलाएं। 3. तैयार मिश्रण को मोल्ड में पलट कर ठंडा होने और जमने के लिए रेफ्रिजरेटर में रख दें। 4. जब यह सर्व करने के लिए तैयार हो जाए, तब चाकू के द्वारा इसके चारों ओर के किनारों को ढीला करें। फिर एक प्लेट उलट कर मोल्ड के ऊपर रखें और मोल्ड की सामग्री उस पर उलट दें। 5. आप चाहें तो मोल्ड को एक सेकंड पानी में डुबो कर भी उसे सर्विग डिश में पलट सकती हैं। कुल कैलोरी : 60 । प्रोटीन : 0 । कार्बोहाइड्रेट : 5 । वसा : 0 ।

मिक्स्ड बीन सैलेड
सामग्री : 1/4 कप उबला हुआ राजमा, 1/4 कप उबले काबुली चने, 1/4 कप उबली हुई सोयाबीन, 1/4 कप पकी हुई साबुत मूंग की दाल, 1/4 कप बारीक कटी हुई शिमला मिर्च । ड्रेसिंग के लिए : 1 टेबल स्पून नींबू का रस, स्वादानुसार नमक, स्वादानुसार पिसी कालीमिर्च, 1 टेबल स्पून बारीक कटा हुआ पुदीना, बीज निकालकर लंबे टुकड़ों में कटा हुआ एक टमाटर।
विधि : 1. शिमला मिर्च और बींस को मिलाकर ठंडा होने के लिए रख दें। 2. ड्रेसिंग की सारी सामग्री को एक साथ मिलाएं। 3. सर्व करने से बिलकुल पहले बीन्स, काबुली चना, राजमा, शिमला मिर्च, मूंग की दाल और ड्रेसिंग को एकसाथ मिलाकर सर्विग डिश में डालें। 4. टमाटर के टुकड़ों से सजाकर सर्व करें।
कुल कैलोरी : 60 । प्रोटीन : 28 । कार्बोहाइड्रेट : 26.2 । वसा : 0 ।

बिटर लॉग्स
सामग्री : 4 एक समान आकार के करेले, 1 टी स्पून तेल, 1/2 टी स्पून अजवाइन, 200 ग्राम टमाटर, 1 बड़ा बारीक कटा हुआ प्याज, 1/2 टी स्पून बारीक कटा हुआ लहसुन, स्वादानुसार नमक, 1 टी स्पून चीनी/ शुगर फ्री, 1 टी स्पून विनेगर, करेले में लगाने के लिए तेल और उसे ग्रिल करने के लिए चिकनाई युक्त अवन फ्रू फ बेकिंग डिश।
विधि : 1. करेले को छील लें। अब पर्याप्त पानी में थोड़ा नमक, विनेगर डालकर उबाल लें और करेले डालकर हलका पकाएं। पानी निकालकर ठंडा करें। 2. अब एक बर्तन में पानी उबालकर अलग रखें। उसमें कुछ देर टमाटर डालें। पानी से निकालकर छिलका उतार लें व बारीक टुकड़ों में काट लें। 3. तेल गर्म करें। अजवाइन डालें जब चटकने लगे तब प्याज, लहसुन डालकर तेज आंच पर सुनहरा करें। 4. अब टमाटर, नमक, विनेगर डालें। लगातार तेज आंच पर तब तक पकाएं जब तक कि अतिरिक्तपानी सूख न जाए । 5. करेलों में एक तरफ लंबाई में चीरा लगाएं और चाकू से अंदर के बीज और रेशे सावधानी से निकाल दें और तेल लगा दें। अब उनमें टमाटर मिश्रण भरें और बेकिंग डिश में रखकर ग्रिल करें। कुल कैलोरी : 32 । प्रोटीन : 2.3 । कार्बोहाइड्रेट : 4 । वसा : 2 ।


हीमोग्लोबीन बढ़ाने वाले आहार
भोजन में अनेक पोषक तत्व होते हैं, जो शरीर का विकास करते हैं, उसे स्वस्थ रखते हैं और शक्तिप्रदान करते हैं। हमें अपने आहार में हीमोग्लोबीन बढ़ाने वाले फल एवं सब्जियों को शामिल करना चाहिए। हीमोग्लोबीन को बढ़ाने के लिए संतुलित आहार, व्यायाम, भोजन में हरी सब्जियां, दालें, अनार आदि फल लेना चाहिए।

हीमोग्लोबीन बढ़ाने वाले आहार के स्रोत
1. अमरूद- अमरूद जितना ज्यादा पका हुआ होगा, उतना ही पौष्टिक होगा। पके अमरूद को खाने से शरीर में हीमोग्लोबीन की कमी नहीं होती। इसलिए महिलाओं के लिए यह और भी लाभदायक हो जाता है।
2. आम- आम खाने से हमारे शरीर में रक्त अधिक मात्रा में बनता है, एनीमिया में यह लाभकारी होता है।
3. सेब- सेब एनीमिया जैसी बीमारी में लाभकारी होता है। सेब खाने से शरीर में हीमोग्लोबीन बनता है।
4. अंगूर- अंगूर में भरपूर मात्रा में आयरन पाया जाता है। जो शरीर में हीमोग्लोबीन बनाता है और हीमोग्लोबीन की कमी संबंधी बीमारियों को ठीक करने में सहायक होता है।

5. चुकंदर- चुकंदर से प्राप्त उच्च गुणवत्ता का लोह तत्व रक्त में हीमोग्लोबीन का निर्माण व लाल रक्तकणों की सक्रियता के लिए बेहद प्रभावशाली है। खून की
कमी यानी एनीमिया की शिकार महिलाओं के लिए चुकंदर रामबाण के समान है। चुकंदर के अलावा चुकंदर की हरी पत्तियों का सेवन भी बेहद लाभदायी है। इन पत्तियों में तीन गुना लौह तत्व अधिक होता है।
6. तुलसी- तुलसी रक्त की कमी को कम करने के लिए रामबाण है। तुलसी के नियमित सेवन से शरीर में हीमोग्लोबीन की मात्रा बढ़ती है।
7. सब्जियां : शरीर में हीमोग्लोबीन बढ़ाने के लिए ज्यादा से ज्यादा हरी सब्जियां को अपने भोजन में शामिल करना चाहिए। हरी सब्जियों में हीमोग्लोबीन बढ़ाने वाले तत्व ज्यादा मात्रा में पाये जाते हैं।
8. तिल- तिल हमारे शरीर में हीमोग्लोबीन की मात्रा को बढ़ाता है। तिल खाने से रक्त अल्पता की बीमारी ठीक होती है।
9. पालक- सूखी पालक में आयरन की काफी मात्रा होती है। जो शरीर में हीमोग्लोबीन की कमी को ठीक करता है।
10. नारियल- नारियल शरीर में उत्तकों, मांसपेशियों और रक्त जैसे महत्वपूर्ण द्रव्यों का निर्माण करता है। यह संक्रमण का सामना करने के लिए इंजाइम और रोग प्रतिकारक तत्वों के विकास में सहायक होता है।
11. अंडा- अंडे के दोनों भागों में प्रोटीन, वसा, कई तरह के विटामिन, मिनरल्स, आयरन और कैल्शियम जैसे गुणकारी तत्वों की भरपूर मात्रा होती है। बहुत कम खाद्य पदार्थों में पाया जाने वाला विटामिन डी भी अंडे में पाया जाता है।
12. गुड़- गुड़ में अधिक खनिज लवण होते हैं। जो हमारे शरीर में हीमोग्लोबीन बढ़ाने में मदद करता है।

- राजकुमार सोनी